पं. जवाहर लाल नेहरू स्टेडियम, मैनपुरी। संवाद
मैनपुरी। जनपद में खेल प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है, लेकिन प्रतिभा को निखारने के लिए कोच की कमी जरूर है। शहर के पं. जवाहर लाल नेहरू स्टेडियम लंबे समय से बैडमिंटन, कुश्ती, खो-खो, कबड्डी और वेटलिफ्टिंग के प्रशिक्षकों की कमी से जूझ रहा है। जिला खेल कार्यालय द्वारा कई बार निदेशालय को प्रस्ताव भेजकर कोचों की मांग की गई है।
जनपद में खेल प्रतिभाओं की भरमार है। उम्मीद है कि यदि समय पर खिलाड़ियों को बेहतर कोच मिले तो ये जनपद का नाम प्रदेश और देश में रोशन कर सकते है। लेकिन शहर के पंडित जवाहर लाल नेहरू स्टेडियम में बैडमिंटन, कुश्ती, खो-खो, कबड्डी और भारोत्तोलन के प्रशिक्षकों की कमी है। कोच न होने से युवा खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा निखारने में समस्याएं हो रही है।
जिला खेल कार्यालय द्वारा कई बार खेल निदेशालय लखनऊ को प्रस्ताव भेजकर बैडमिंटन, कुश्ती, खो-खो, कबड्डी और भारोत्तोलन के प्रशिक्षकों की मांग की गई। लेकिन अभी तक स्टेडियम को कोच नहीं मिल सके है। कुछ समय पहले निदेशालय ने बैडमिंटन और वेटलिफ्टिंग के कोच जनपद को दिए थे, लेकिन दोनों खेलों के कोचों ने कार्यभार नहीं संभाला था।
स्टेडियम में बैडमिंटन, कुश्ती, खो-खो, कबड्डी और वेटलिफ्टिंग के कोच की कमी है। इसके लिए कार्यालय से खेल निदेशालय लखनऊ को प्रस्ताव भेजा गया है। उम्मीद है कि नवीन सत्र में जनपद को कुछ और खेलों के कोच मिल जाएंगे।
-साधना सिंह, जिला क्रीड़ा अधिकारी, मैनपुरी