आगरा के होटल और रेस्तरां संचालकों ने नगर निगम की ओर से 1 अप्रैल से लागू किए गए ट्रेड लाइसेंस शुल्क से मुक्ति दिलाने की मांग की है। होटल एंड रेस्टोरेंट एसोसिएशन ने नगर आयुक्त और मेयर को पत्र लिखकर कहा है कि नगर निगम ट्रेड लाइसेंस शुल्क को खत्म कर रहा है, जिसमें होटल उद्योग को भी शामिल किया जाए। बजट क्लास होटलों पर यह बड़ा भार साबित हो रहा है। नगर निगम सभी के साथ एक समान नीति अपनाए।
होटल एंड रेस्टोरेंट एसोसिएशन के अध्यक्ष राकेश चौहान ने मेयर हेमलता दिवाकर को लिखे पत्र में कहा है कि नगर निगम की ओर से लगाए गए ट्रेड लाइसेंस शुल्क को खत्म करने की घोषणा की गई है। इसकी प्रक्रिया अभी शुरू होनी है। ऐसे में होटलों और रेस्तरां को भी राहत दी जानी चाहिए। पर्यटन उद्योग पर लागू किए गए शुल्क को तत्काल समाप्त किया जाए। इसके लिए नगर निगम सदन के अधिवेशन के जरिये जल्द कार्रवाई की जाए।
सात माह पहले शुल्क किया गया था लागू
उत्तर प्रदेश नगर निगम अधिनियम-1959 के प्रावधानों के तहत, शहर के सभी छोटे-बड़े प्रतिष्ठानों, होटलों, अस्पतालों और शोरूम को निर्धारित शुल्क जमा कर अपना पंजीकरण कराना अनिवार्य किया गया था। नगर निगम ने सात माह पहले ही इसे पारित किया है।
होटल और रेस्तरां पर कमरों के आधार पर शुल्क
1 से 10 कमरे- 1,000 रुपये
11 से 20 कमरे- 3,000 रुपये
51 कमरे से ऊपर- 9,000 रुपये
थ्री स्टार होटल- 9,000 रुपये
फाइव स्टार होटल- 12,000 रुपये
रेस्तरां- 1,800 रुपये