अनामिका शुक्ला प्रकरण के बाद मैनपुरी में एक के बाद एक फर्जी शिक्षक-शिक्षिकाओं का खुलासा हो रहा है। अब कुरावली विकास खंड में 11 साल से तैनात एक प्रधानाध्यापक को बीएड का अंकपत्र और डिग्री फर्जी मिलने पर बर्खास्त कर दिया गया है। बीएसए ने प्रधानाध्यापक की बर्खास्तगी के बाद खंड शिक्षाधिकारी को प्रधानाध्यापक के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने के निर्देश दिए हैं।
कुरावली विकास खंड के प्राथमिक विद्यालय मधुकरपुर पर कार्यरत मैनपुरी निवासी प्रधानाध्यापक अनूप सिंह ने नौ नवंबर 2009 को शिक्षा विभाग में सहायक अध्यापक के रूप में नियुक्ति पाई थी। नियुक्ति के दौरान अनूप सिंह ने वर्ष 2005 में डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय से बीएड उत्तीर्ण होने की डिग्री लगाई थी।
वर्ष 2005 में डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय की डिग्री हासिल करने वाले शिक्षकों की जांच एसआईटी कर रही है, लेकिन अनूप सिंह का नाम उस सूची में भी शामिल नहीं था। जबकि इस सूची में फर्जी और सही सभी प्रकार की बीएड डिग्री वाले शिक्षक शामिल हैं। अनामिका शुक्ला प्रकरण के बाद जब सभी शिक्षकों का डाटा मानव संपदा पोर्टल पर फीड कराया गया तो अनूप सिंह 2005 में बीएड करने वाले पाए गए।