दुष्कर्म पीड़ित युवती की मौत के बाद प्रदर्शन करते वाल्मीकि समाज के लोग
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हाथरस की दुष्कर्म पीड़िता की मौत पर ताजनगरी में भी गुस्सा दिखाई दिया। वीर वाल्मीकि सेना और बहुजन संगठन ने एमजी रोड पर विरोध प्रदर्शन किया। हरीपर्वत चौराहा पर प्रदेश सरकार का पुतला भी फूंका गया। इस दौरान लगभग 20 मिनट तक ट्रैफिक जाम रहा। पुलिस ने गिरफ्तारी की चेतावनी देकर प्रदर्शनकारियों को खदेड़ा।
दोपहर को 100 से ज्यादा लोग जुलूस की शक्ल में हरीपर्वत पहुंचे थे। इन्होंने प्रदेश सरकार के खिलाफ नारे लगाए। कहा कि बेटियां सुरक्षित नहीं है। प्रदर्शन की जानकारी पर पुलिस भी पहुंच गई।
प्रदर्शनकारियों ने तभी पुतला निकाला और प्रदेश सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए इसे आग के हवाले कर दिया। प्रदर्शनकारियों में श्रीकांत चौहान, विष्णु, राजीव, संजीव, शिवेंद्र, राजवीर, हरीश, छोटू शामिल रहे।
प्रदर्शन समाप्त होते ही 100 के खिलाफ मुकदमा, चार गिरफ्तार
वीर वाल्मीकि सेना और बहुजन संगठन का विरोध प्रदर्शन समाप्त होते ही हरीपर्वत थाना में 100 अज्ञात और चार नामजद के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया। पुलिस का कहना है कि प्रदर्शनकारी मास्क नहीं लगाए थे। उन्होंने सामाजिक दूरी का पालन भी नहीं किया। नामजद चारों आरोपी गिरफ्तार कर लिए गए हैं।
पुलिस ने कहा, प्रदर्शनकारी मास्क नहीं लगाए थे, सामाजिक दूरी का पालन नहीं किया
सरकार का पुतला फूंके जाने की सूचना पर एसपी सिटी बोत्रे रोहन प्रमोद और एडीएम सिटी प्रभाकांत अवस्थी भी पहुंच गए थे। उन्होंने लोगों को समझाया। पुलिस प्रशासनिक अधिकारियों के समझाने के बावजूद लोगों ने पुतला जला दिया। प्रदर्शन की वजह से तकरीबन 20 मिनट तक एमजी रोड पर जाम लगा रहा।
थाना प्रभारी निरीक्षक अजय कौशल ने बताया कि नाला बुढ़ान सैय्यद निवासी श्रीकांत चौहान, शिवेंद्र कुमार, बरौली अहीर निवासी विष्णु कुमार और सदर भट्ठी निवासी राम कुमार को पकड़ा गया है। उनके खिलाफ बलवा, महामारी अधिनियम और सात सीएलए में मुकदमा दर्ज किया गया। आरोपियों को जेल भेज दिया गया है। 100 आरोपी अज्ञात हैं। उनकी वीडियो और फोटो से पहचान की जाएगी। इसके बाद गिरफ्तार किया जाएगा।