आगरा के थाना इरादतनगर में ससुराल में उत्पीड़न का शिकार हुई महिला की सुनवाई नहीं हुई तो उसने शनिवार शाम को थाना परिसर में पहुंचकर खुद और अपनी बेटी पर डीजल उड़ेल कर आत्मदाह का प्रयास किया। महिला पुलिसकर्मियों ने किसी तरह महिला को बचाया। इससे थाने में अफरा तफरी मच गई। सूचना पर एसीपी शमसाबाद गिरीश कुमार भी पहुंच गए। उन्होंने महिला को आरोपी ससुरालीजन के विरुद्ध कार्रवाई का आश्वासन देकर समझा बुझाकर घर भेजा।
मनीषा का विवाह इरादतनगर के गांव इनायतपुर में हुआ था। उसके सात साल की बेटी है। उसने पुलिस को बताया कि पति की मौत के बाद ससुराल के लोगों ने उसका विवाह देवर के साथ करा दिया। उसका मानसिक, शारीरिक उत्पीड़न किया गया। दहेज के लिए प्रताड़ित किया गया। गला दबाकर उसकी हत्या का प्रयास किया गया।
उसने इससे पूर्व भी एक मुकदमा ससुरालवालों के खिलाफ दर्ज कराया था। जिसमें बाद में सुलह करा दी गई। पीड़िता ने चौकी इंचार्ज कुर्राचित्तरपुर पर सुनवाई न करने का भी आरोप लगाया। पुलिस की ओर से सुनवाई नहीं किए जाने पर ही महिला शनिवार को बेटी के साथ थाना इरादतनगर पहुंची और आत्मदाह करने की कोशिश की। घटना की खबर लगते ही एसीपी शमसाबाद पहुंचे। उन्होंने बताया कि मामले में आरोपियों के विरुद्ध विधिक कार्रवाई की जा रही है।