एटा। जम्मू कश्मीर से धारा 370 व अनुच्छेद 35ए हटाने की जानकारी के बाद जारी हुए हाई अलर्ट को लेकर जिले भर में पुलिस प्रशासन चौकन्ना रहा। अधिकारियों ने पुलिस के साथ मिलकर सड़कों पर पैदल मार्च किया।
हाई अलर्ट जारी होने की जानकारी होते ही एसएसपी स्वप्निल ममगाई ने अधीनस्थों को सुरक्षा व्यवस्था जिले में चौकस रखने का आदेश दिया। उसी को लेकर अलीगंज और क्षेत्र में क्षेत्राधिकारी अजय भदौरिया ने पुलिस बल के साथ प्रमुख बाजार, चौराहा एवं सड़कों पर पैदल मार्च किया। पुलिस ने अलर्ट जारी होने के बाद अलग-अलग टोली बनाकर पैदल मार्च किया। पुलिस अधिकारियों ने कहा कि माहौल खराब करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। वही अचानक शहर,कस्बा और ग्रामीण अचंल में शुरू हुए पुलिस के पैदल मार्च को देखने के बाद अराजकतत्वों में दहशत का माहौल बना रहा।
नहीं मनाने दी खुशी
सराय अगहत के लोगों में उत्साह था। वह भी खुशी मनाने और मिठाई बांटने की तैयारी कर रहे थे। इसकी जानकारी पुलिस को लग गई। इस पर पुलिस वहां पहुंच गई। पुलिस ने धारा 144 का हवाला देकर युवाओं व उत्साहित लोगों को डरा दिया। इसके चलते डरे सहमे लोगों ने अपने कार्यक्रम को रद्द कर दिया।
कासगंज। जम्मू कश्मीर के पर केंद्र सरकार के फैसले को लेकर मिले अलर्ट के निर्देश के बाद जिले का पुलिस प्रशासन पूरी तरह से सतर्क नजर आया। जिले के सभी संवेदनशील क्षेत्रों में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए। एसपी सुशील कुमार घुले सहित अन्य प्रशासनिक व पुलिस अधिकारी लगातार क्षेत्र का भ्रमण करते रहे।
सरकार के निर्देश मिलते ही जिला प्रशासन हरकत में आ गया। सुबह से ही पुलिस की जवानों की ड्यूटी लगा दी गई। जिले के सभी संवेदनशील इलाकों मे ंसुरक्षा के कड़े इंतजाम कर दिए गए। शहर में बाहरद्वारी, गांधी मूर्ति, जामामस्जिद सहित अन्य इलाकों में पुलिस के जवान तैनात किए गए। गंजडुंडवारा, पटियाली, सहावर, सोरों, अमापुर, सिढपुरा सहित जिले के सभी संवेदनशील व सार्वजनिक स्थानों पर पुलिस के जवानों को तैनात कर दिया गया। एसपी के अलावा अपर पुलिस अधीक्षक पवित्र मोहन त्रिपाठी, तीनों तहसीलों के उपजिलाधिकारी, क्षेत्राधिकारी अपने अपने सर्किल ुमें पूरी नजर बनाए रहे। सभी 10 थानों के थाना प्रभारी भी पुलिस बल के साथ गस्त करते रहे। रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड आदि सार्वजनिक स्थानों पर सुरक्षा के इंतजाम रहे।