मैनपुरी। प्रधानों का कार्यकाल खत्म होने से ठीक पहले जिले की 56 ग्राम पंचायतों ने लगभग छह करोड़ की धनराशि का भुगतान किया है। इनकी जांच के लिए उप निदेशक पंचायत राज आगरा मंडल ने आदेश दिए थे। इस पर डीपीआरओ ने चार टीमें गठित की हैं। ये टीमें ग्राम पंचायतों में जाकर निकाली गई धनराशि से कराए गए कार्यों का सत्यापन करेंगी। जांच शुरू होने से ग्राम पंचायतों में खलबली मच गई है।
25 दिसंबर 2020 को प्रधानों का पांच वर्ष का कार्यकाल पूर्ण हो गया। इससे ठीक पहले 15 दिसंबर से 15 दिसंबर के बीच दस दिनों में कई ग्राम पंचायतों ने बड़े भुगतान किया। मामले में उप निदेशक पंचायती राज आगरा मंडल एसके सिंह ने इन दस दिनों में दस लाख रुपये से अधिक का भुगतान करने वाली ग्राम पंचायतों की जांच के आदेश दिए थे। पत्र आने के बाद जब चिह्नांकन किया गया तो जिले की कुल 549 ग्राम पंचायतों में से 56 ग्राम पंचायतें ऐसी मिलीं। इन ग्राम पंचायतों ने करीब छह करोड़ रुपये का भुगतान किया। ऐसे में इन पर कहीं न कहीं शक की सुई घूम रही है। प्रधानों का कार्यकाल खत्म हो चुका है, लेकिन पंचायत सचिवों की जवाबदेही बनी हुई है।
ये ग्राम पंचायतें हैं शामिल
अहिरवा, बिछवां, बीलों, मुड़ौली, बरा सूरजपुर, गंगापुर मुहम्मदपुर, कनिकपुर खिचौली, नगला ऊसर, थोरबा, बनकिया, बेवर देहात, चिलौंसा, जोत, मद्दापुर धर्म, नगला पांडेय, तिगवां, खजुरारा इज्जतपुर, पतारा, सहन, सौज, आलमपुर देहा, बमटापुर, बनिगवां, एमाहसन नगर, कनिकपुर सादा, लाखनमऊ, मीठेपुर, प्रहलादपुर, रेढ़ापुर, उरथान, चौराईपुर, जटपुरा, मनिगांव, सिगनी, औंग, हथपऊ, मैदेपुर, मंछना, रतनपुर बरा, सगामई, टिकसुरी, अंजनी, नगला गढ़ू, सिरौलिया, अकबरपुर औंछा, अटा हरैना, औरंगाबाद, फैजपुर, गोदना देहात, ग. कुरावली, हड़ाई, कल्होर पुवां, कोसमा हिनूद, नगला कंचन, पचावर और उसनीधा शामिल हैं।
ये हैं जांच समितियां
डीपीआरओ ने जांच के लिए कुल चार समितियों का गठन किया है। इसमें ब्लॉक सुल्तानगंज, बेवर और कुरावली की ग्राम पंचायतों की जांच के लिए एडीपीआरओ रोहित कुमार व जिला परियोजना प्रबंधक अजय विक्रम सिंह को ब्लॉक बरनाहल और करहल की ग्राम पंचायतों की जांच के लिए एडीओ पंचायत अरुण कुमार व लेखाकार धीरपाल सिंह को, ब्लॉक किशनी और जागीर की ग्राम पंचायतों की जांच के लिए एडीओ पंचायत प्रेमचंद्र बाथम व जिला समन्वयक आईईसी नीरज शर्मा, ब्लॉक मैनपुरी और घिरोर की ग्राम पंचायतों की जांच के लिए एडीओ पंचायत ओमप्रकाश तिवारी व जिला समन्वयक एमआईएस राजकुमार राजपूत को नामित किया गया है।
वर्जन
उप निदेशक आगरा मंडल ने कार्यकाल के आखिरी दिनों में दस लाख से अधिक का भुगतान करने वाली ग्राम पंचायतों की जांच के आदेश दिए थे। आदेश पर चार जांच समितियों का गठन किया गया है। ये जांच कर अपनी रिपोर्ट सौंपेंगी।
स्वामीदीन, डीपीआरओ।