आगरा के कीठम में चल रही सेना भर्ती दौड़ में सोमवार को दो और मुन्नाभाई पकडे़ गए। दोनों बुलंदशहर के रहने वाले हैं। इनके और भी साथी पकड़े जा सकते हैं। इनके पास से छह फर्जी आधार कार्ड और मूल निवास प्रमाणपत्र मिले हैं।
इनसे पूछताछ में बड़ा खुलासा हो सकता है। इससे पहले एक मुन्नाभाई रविवार को दौड़ लगाने के बाद पकड़ में आया था। पुलिस ने बताया कि शक होने पर दोनों को पकड़ा गया।
ये दोनों बुलंदशहर के औरंगाबाद के जगदीशपुर गांव के विवेक और सोनू हैं। इनके पास आधार कार्ड और मूल निवास प्रमाणपत्र हाथरस के थे। इनमें से पहले एक को पकड़ा गया था। उसके आधार कार्ड की आनलाइन जांच में पता चला कि वह देहरादून के 10 साल उम्र के बालक का है।
aadhar card
उससे पूछताछ की गई तो उसने दूसरे का नाम बता दिया। उसे भी पकड़ लिया गया। तलाशी में इनके बैग से तीन-तीन फर्जी आधार कार्ड और मूल निवास प्रमाणपत्र मिल गए। इनसे पूछताछ में पता चला कि दोनों पैसे लेकर दौड़ लगाने के लिए आए थे।
इनके पास मिले आधार कार्ड में नाम और पते अलग हैं लेकिन नंबर सभी का एक है। पुलिस का कहना है कि आधार कार्ड स्कैन कराकर तैयार किए गए हैं। जिन अभ्यर्थियों के लिए ये दौड़ लगाने के लिए आए थे, उनके भी नाम पता चल गए हैं। इनमें से एक हाथरस का दुष्यंत है। पकड़े गए युवकों के खिलाफ सिकंदरा थाना में केस दर्ज किया गया है।
कॉल डिटेल से खुलेगा राज
पुलिस ने दोनों के मोबाइल भी जब्त कर लिए हैं। इनकी कॉल डिटेल निकलवाई जाएगी। इससे पता चल जाएगा कि ये किन-किन अभ्यर्थियों के संपर्क में थे। इन्होंने अपने गिरोह के सरगना का नाम नहीं बताया है। माना जा रहा है कि यह बड़ा गिरोह है।
कीठम में कई दलाल भी पहुंचे हैं तो भर्ती कराने के नाम पर पैसा ऐंठ रहे हैं। ये आसपास की फोटोस्टेट की दुकानों से फर्जी दस्तावेज भी तैयार करा रहे हैं। इसका पता चलने पर पुलिस ने दुकानें बंद करा दीं। दलालों को पकड़ने के लिए सिविल ड्रेस में पुलिसकर्मी लगा दिए गए हैं।