कासगंज के सोरों में सड़क चौड़ीकरण के लिए तोड़े गए भवन
- फोटो : KASGANJ
सोरों(कासगंज)। सोरों से पटियाली के बीच प्रस्तावित सड़क चौड़ीकरण की प्रक्रिया तेज हो गई है। विश्व बैंक ने भवन तोड़ने के लिए चिह्नित किए गए भवन स्वामियों के लिए पारिश्रम के रूप में धनराशि उपलब्ध करा दी है।
धनराशि मिलते ही सोरों, गंजडुंडवारा और गढ़का में तमाम भवन स्वामियों ने भवन तोड़ने शुरू कर दिए। सोमवार को सोरों में कई जगह लोगों को भवनों में तोड़फोड़ करते देखा गया। विश्व बैंक द्वारा एटा जिले के अलीगंज से सोरों तक सड़क का चौड़ीकरण किया जा रहा है। कासगंज जिले की सीमा में पटियाली से सोरों तक सड़क का चौड़ीकरण होगा।
इसके लिए विश्व बैंक ने अतिक्रमण चिह्नित कर लिए हैं। जिन भवन स्वामियों के भवन चिह्नित किए गए हैं उन्हें भवन तोड़ने की एवज में धनराशि विश्व बैंक द्वारा दी जा रही है। विश्व बैंक ने चेतावनी दी है कि यदि भवन स्वामी स्वयं भवन नहीं तोड़ते हैं तो जेसीबी चलवाकर भवन तोड़ दिए जाएंगे।
काटे जा रहे भवन
कासगंज। सड़क चौड़ीकरण के लिए सोरों से पटियाली के बीच सड़क किनारे खड़े पेड़ों को काटा जा रहा है। विश्व बैंक वन विभाग के सहयोग से पेड़ों की कटाई करा रहा है। जल्द ही डामरीकरण का काम शुरू होगा।
दी जा चुकी है धनराशि
सड़क चौड़ीकरण के लिए जो भवन चिह्नित किए गए हैं। उन सभी भवन स्वामियों को भवन तोड़ने की एवज धनराशि दी जा चुकी है। विश्व बैंक अपने इस प्रोजेक्ट को पूरा करने की प्रक्रिया तेज कर चुका है- मानिक चंद्र, अधिशासी अभियंता विश्व बैंक।