पूर्वी लद्दाख की पैंगोंग झील घूमने के बाद लापता हुए चारों पर्यटकों को लद्दाख पुलिस ने चलाए गए समन्वित खोज अभियान के बाद सुरक्षित खोज निकाला। अधिकारियों के अनुसार, चारों पर्यटक 9 जनवरी की शाम लगभग 5:30 बजे निजी वाहन से पैंगोंग झील से रवाना हुए थे और उसी दिन उन्होंने अपने परिजनों से बातचीत भी की थी। इसके बाद उनसे संपर्क टूट गया जिस पर उनके परिजनों ने 13 जनवरी को पुलिस से संपर्क किया।
लापता युवकों की पहचान मधु नगर, सदर निवासी शिवम चौधरी (25) अपने तीन दोस्त शुधांशु फौजदार (25), जयवीर चौधरी (27) और यश मित्तल (25) 6 जनवरी को के साथ लद्दाख घूमने गए थे। लेह की ओर लौटते समय करु पहुंचे। यहां उन्होंने गलती से एक साइनबोर्ड का अनुसरण करते हुए लेह-मनाली मार्ग की ओर रुख कर लिया। उनकी अंतिम लोकेशन मनाली की दिशा में बढ़ने की पुष्टि होने के बाद देबरिंग क्षेत्र सहित व्हिस्की नाला की ओर खोज अभियान शुरू किया गया।
बाद में उनकी गतिविधियां सरचू की ओर पाई गईं, जहां यह पता चला कि सड़क की स्थिति के कारण एक स्थान पर उनका वाहन फिसल गया था। हालांकि कोई बड़ा हादसा नहीं हुआ लेकिन लेह-मनाली राजमार्ग बंद होने के कारण वे आगे नहीं बढ़ सके। पर्यटकों ने दो रातें वाहन के अंदर हीटर का उपयोग करते हुए बिताईं, जब तक कि डीजल समाप्त नहीं हो गया। इसके बाद वे सहायता की तलाश में लगभग 15-20 किलोमीटर पैदल चले और एक झोपड़ी में शरण ली, जहां से उन्हें सुरक्षित खोज लिया गया। चारों पर्यटकों का चिकित्सकीय परीक्षण किया गया और उनकी स्थिति स्थिर पाई गई है।
उन्हें 14 जनवरी को लेह लाया जाएगा। परिजन से मिलवाया जाएगा। पुलिस ने पर्यटकों को सलाह दी है कि वे यात्रा संबंधी दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन करें और विशेष रूप से शीतकाल के दौरान उच्च हिमालयी क्षेत्रों में बंद मार्गों पर जाने से बचें। उधर, एसीपी सदर इमरान अहमद ने बताया कि चारों युवकों के लापता होने की जानकारी मिली थी। परिजन से लददाख प्रशासन से संपर्क करने के लिए बोला गया था। मंगलवार को पता चला कि युवक मिल गए हैं। उनसे परिजन भी मिलने पहुंच गए हैं।