कागारौल। थाना पुलिस ने मध्य प्रदेश के अंतरराज्यीय चोर गिरोह का पर्दाफाश करते हुए चार शातिर अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने इनके पास से चोरी की नकदी, अवैध असलहा और कारतूस बरामद किए हैं। पकड़े गए आरोपी भीड़भाड़ वाले इलाकों और बैंकों के बाहर रेकी कर टप्पेबाजी की घटनाओं को अंजाम देते थे। 1.5 लाख की चोरी का खुलासा किया है।
बीती 23 मार्च को खेरागढ़ के गांव गढ़ी अतिबल निवासी सुनील कुमार उपाध्याय अपने पिता के साथ भारतीय स्टेट बैंक में किसान क्रेडिट कार्ड का ऋण जमा करने आए थे। पैसा जमा न होने के कारण वे 1.5 लाख रुपये बैग में रखकर बाहर आ गए। रघुनाथ मंदिर के पास सब्जी खरीदते समय अज्ञात चोरों ने मोटरसाइकिल में रखा रुपयों से भरा बैग पार कर दिया। बैग में नकदी के अलावा बैंक पासबुक और शस्त्र लाइसेंस भी था। तहरीर मिलने के बाद पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू की। उच्चाधिकारियों के निर्देशन में सर्विलांस, एसओजी और स्थानीय पुलिस टीम को सक्रिय किया गया। तकनीकी साक्ष्यों और सूचना पर पुलिस ने मंगलवार को घेराबंदी कर गिरोह के चारों सदस्यों को गिरफ्तार कर लिया। पकड़े गए आरोपियों की पहचान सुखभइया (19), करीमराज (23), अकीन (20) और जानू (24) के रूप में हुई है। ये सभी मध्य प्रदेश के जिला दतिया के रहने वाले हैं। पुलिस के अनुसार, इन पर उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश के विभिन्न जनपदों में एक दर्जन से अधिक आपराधिक प्राथमिकी दर्ज हैं। थाना प्रभारी ने बताया अभियुक्तों के कब्जे से 18,100 रुपये, 315 बोर का तमंचा और दो जिंदा कारतूस बरामद किए हैं। यह गिरोह भीड़भाड़ वाले इलाकों और बैंकों के बाहर रेकी कर शातिर तरीके से रेकी करता था और मौका मिलते ही बड़ी रकम लेकर जा रहे लोगों को निशाना बनाता था। सभी आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया है।