प्रोफेसर पीके सिंह ने बताया कि दोपहर करीब 12:00 उन्होंने अंतिम सांस ली। वे 85 साल के थे। शास्त्रीपुरम निवासी मुख्तार सिंह सख्त अनुशासन के लिए जाने जाते थे।
आगरा कॉलेज के पूर्व प्राचार्य डॉ. मुख्तार सिंह का 85 साल की उम्र में निधन हो गया। आगरा कॉलेज में सख्त अनुशासन लागू करने के लिए वे काफी चर्चित रहे। उनके भतीजे प्रो. पीके सिंह ने बताया कि वे अविवाहित थे। दोपहर करीब 12 बजे उन्होंने अंतिम सांस ली। इनके निधन पर आगरा कॉलेज में शोक सभा कर उनको श्रद्धांजलि दी।
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प्राचार्य डॉ. अनुराग शुक्ला ने बताया कि पश्चिम पुरी निवासी डॉ. मुख्तार सिंह जुलाई, 1990 से जून, 2001 तक आगरा कॉलेज के प्राचार्य रहे। 1985 में भी उन्होंने तीन महीने कार्यवाहक प्राचार्य का पद संभाला। उन्होंने कॉलेज में शैक्षणिक स्तर और अनुशासन को नए आयाम तक पहुंचाया। शिक्षा के क्षेत्र में उनकी क्षति कभी पूरी नहीं की जा सकती है।
उनके निधन पर पूर्व प्राचार्य डॉ. मनोज रावत, डॉ. अमित अग्रवाल, डॉ. केपी तिवारी, डॉ. आनंद पांडे, डॉ. विनोद कुमार, डॉ. अमित चौधरी, डॉ. उमेश शुक्ला, डॉ. चंद्रवीर सिंह, डॉ. भूपेंद्र सिंह, डॉ. शैलेंद्र सिंह, डॉ. केशव सिंह, चेतन गौतम आदि ने भी श्रद्धांजलि दी।