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पूर्व विधायक अजीम भाई को दस वर्ष का कारावास, फूलनदेवी हत्याकांड के विरोध में बस जलाने में दोषी करार

Thu, 30 Jan 2020 01:00 AM IST
Abhishek Saxena न्यूज डेस्क, अमर उजाला, फिरोजाबाद
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पुलिस हिरासत में अजीम भाई - फोटो : अमर उजाला
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अपर जिला जज अष्टम एवं विशेष जज एमपी एमएलए डॉ. केशव गोयल ने प्रगतिशील समाजवादी पार्टी (प्रसपा) के जिलाध्यक्ष एवं पूर्व विधायक अजीम भाई को वर्ष 2001 में पूर्व सांसद फूलन देवी की हत्या के विरोध में प्रदर्शन के दौरान जाम एवं बस में आग लगाने के मामले में दस वर्ष कारावास की सजा सुनाई है। दस हजार का अर्थदंड लगाया है। अर्थदंड अदा नहीं करने पर दो माह का अतिरिक्त कारावास भोगना होगा। घटनाक्रम जुलाई 2001 का है। थाना उत्तर के उप निरीक्षक बीएल वर्मा की ओर से थाने में एफआईआर दर्ज कराई गई थी। तत्कालीन सपा सांसद फूलन देवी हत्याकांड के विरोध में 26 जुलाई 2001 को बाजार बंद करने का आह्वान किया गया था।बाजार बंद के साथ सुभाष तिराहे पर हाईवे जाम किया गया था। एफआईआर में लिखा गया कि आंदोलन के दौरान सपा नेता अजीम भाई (वर्तमान में प्रसपा के जिलाध्यक्ष), मंशाराम यादव, संजय यादव ने शिकोहाबाद डिपो की बस को रोक लिया था। 
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मंशाराम यादव ने बस पर ज्वलनशीलपदार्थ डाला, संजय यादव ने माचिस अजीम भाई को दी। अजीम भाई ने बस की सीट आग लगाई थी। इसके कारण सवारियों में अफरा-तफरी मच गई थी। आवागमन बंद हो गया था।

उप निरीक्षक की तहरीर पर तत्कालीन एसएचओ अश्वनी कुमार सिह्ना ने मामले दर्ज कर विवेचना के साथ तीनों के खिलाफ आरोपपत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया था। इस मामले में समाजवादी पार्टी के नेता मंशाराम यादव एवं संजय यादवर पूर्व में बरी हो गए थे। 

पूर्व विधायक अजीम भाई के लगातार अनुपस्थित रहने के कारण यह मामला अपर जिला जज अष्टम एवं विशेष जज एमपीएमएलए डा.केशव गोयल के न्यायालय में पहुंचा। उन्होंने इस मामले की सुनवाई करते हुए दोनों पक्षों को सुना।

शासन की ओर से पैरवी सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता नरेंद्र सिंह राठौर एवं प्रेम सिंह वर्मा एडवोकेट ने संयुक्त रूप से करते हुए प्रभावी ढंग से तर्कों को रखा। न्यायाधीश ने बस को जलाने के मामले में पूर्व विधायक अजीम भाई को दोषी मानते हुए दस साल की सजा सुनाई है। सजा होते ही अजीम भाई को पुलिस हिरासत में जेल भेजा गया। इस दौरान न्यायालय परिसर के बाहर अजीम के समर्थक मौजूद रहे।
 
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