कासगंज काली नदी में प्रदूषण के कारण हजारों मछलियों के मरने के मामले को प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने गंभीरता से लिया है। अमर उजाला में यह खबर प्रमुखता से प्रकाशित होने के बाद अधिकारी भी हरकत में आए हैं।
इस मामले में नियत्रंण बोर्ड ने जांच शुरू कर दी है। पता किया जा रहा है कि आखिर कालीनदी में विषैला पानी कहां से छोड़ा गया। अलीगढ़, बुलंदशहर में फैक्ट्रियों द्वारा छोड़े जा रहे पानी की भी प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड जांच करेगा। इसके अलावा कासगंज में भी एक टीम जांच को आएगी।
रविवार को जखेरा महेशपुर क्षेत्र में हजारों मृत मछलियां बहती हुईं देखी गईं। माना जा रहा है किं यह मछलियां पानी में प्रदूषण के कारण ऑक्सीजन कम होने से मरी हैं। नदी का पानी कितना विषैला है और यह कैसे हुआ। इन सब पहलूओं पर नियंत्रण बोर्ड जांच करेगा।