बेटी के हाथ पीले करने के लिए पिता ने जमीन गिरवीं रखी। परिवार शादी की तैयारियों में जुटा था। रिश्तेदार, सगे संबंधियों को निमंत्रण पत्र भेज दिए गए।
परदेस में नौकरी कर रहा इकलौता भाई भी बहन की शादी के लिए व्यवस्थाओं में जुटा था। लेकिन, तकदीर को कुछ और ही मंजूर था। बेटी की डोली उठने से पहले पिता की अर्थी उठी, घर की खुशियां मातम में बदल गईं।
कासगंज जनपद के ग्राम नगला सितावी निवासी नेम सिंह की बेटी सपना का विवाह 20 अप्रैल को होना तय हुआ था। बताया गया है कि नेमसिंह के पास मात्र एक बीघा जमीन हैं।
बेटी के शादी के लिए पहले तो उसने कर्ज लिया और जब उससे भी व्यवस्था न बनी तो अपनी जमीन भी गिरवीं रख दी थी। शादी की तैयारियां लगभग पूरी थीं। लेकिन, सांड़ के हमले के बाद उसकी मौत हो गई अब पूरा परिवार सदमे में हैं।
बेटी का रो रोकर बुरा हाल था। लोगों की जुबां पर चर्चा थी कि बेटी की डोली उठने से पहले ही पिता की अर्थी उठ गई। बेटी सपना रोते रोते कई बार अचेत भी हुई।
बता दें कि कासगंज जनपद के ग्राम नगला सितावी निवासी नेम सिंह (55) पुत्र हीरालाला निवासी नगला सितावी रात को अपने घेर में ही सो गया। सुबह के समय जब वह पशुओं को चारा देने के लिए उठा तो अचानक एक सांड़ वहां आ गया।
हमलावर सांड़ से नेम सिंह ने बचने का प्रयास किया लेकिन, सांड़ ने उसे सींग मारकर जमीन पर पटक दिया। उसके पेट में सींग अड़ा दिए। लोगों ने काफी प्रयास के बाद सांड़ को भगाया। इस बीच नेम सिंह की मौत हो गई।
एडीएम कासगंज योगेंद्र कुमार का कहना है कि सांड़ के हमले से किसान की मौत की जानकारी मिली है। बेटी की शादी के लिए अनुदान के अलावा किसान के परिवार को दुर्घटना बीमा योजना का लाभ दिया जाएगा। राजस्व टीम भेजकर आवारा सांड़ों को पकड़वाएंगे।