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Mainpuri: किशनी तहसील में मुआवजे के लिए किसानों का प्रदर्शन, 31 साल पहले अधिग्रहीत की गई थी जमीन

Thu, 23 Jun 2022 08:37 PM IST
मुकेश कुमार संवाद न्यूज एजेंसी, मैनपुरी

सार

 समान पक्षी विहार के लिए अधिग्रहीत की गई जमीन के एवज में किसान को मुआवजा देने के लिए शिविर लगाया गया। लेकिन किसानों ने पुराने सर्किल रेट से मुआवजा लेने से इनकार कर दिया।  
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तहसील में प्रदर्शन करते किसान - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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मैनपुरी की किशनी तहसील के सभागार में गुरुवार को अपर जिलाधिकारी (भूमि अधिग्रहण) आगरा के निर्देश पर समान पक्षी विहार के किसानों को मुआवजा देने के लिए शिविर लगाया गया। शिविर में पहुंचे किसानों ने पुराने सर्किल रेट से मुआवजा लेने से इनकार कर दिया। इसके बाद तहसील परिसर में सैकड़ों किसानों ने भारत माता की जय के नारे लगाकर प्रदर्शन कर जमकर हंगामा किया। किसान वर्तमान सर्किल रेट से मुआवजे की मांग पर अड़े थे।

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तहसील सभागार में अपर जिलाधिकारी (भूमि अधिग्रहण) आगरा के निर्देश पर किसानों को मुआवजा देने के लिए शिविर लगाया गया था। जिसमें एसडीएम जयप्रकाश, तहसीलदार विशाल सिंह और आगरा से एलएसी डेस्क के बड़े बाबू अनिल कुमार, कलेक्ट्रेट से एलएसी वीरेश पाठक, क्षेत्रीय वन अधिकारी सर्वेश भदौरिया सहित स्टाफ के लोग शामिल हुए। 

वर्तमान सर्किल रेट पर मुआवजे की मांग 

एलएसी डेस्क इंचार्ज आगरा ने किसानों को बताया कि पुराने सर्किल रेट पर ब्याज लगाकर आपको एक बीघा (2305 वर्गमीटर) का एक लाख 75 हजार देने का आदेश मिला है, जिसके लिए ये रकम देने के लिए शिविर लगाया गया है। किसानों ने कहा कि मेरे क्षेत्र में 810 वर्ग मीटर का एक बीघा है। इसके बाद किसानों ने कहा कि ये मुआवजा तो तब देना चाहिए था, जब 31 वर्ष पूर्व जमीन अधिग्रहीत की थी। अब मुआवजा देना है तो वर्तमान सर्किल रेट से चाहिए, जिसके लिए न्यायालय में भी मामला विचाराधीन है।


 

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किसानों की पुलिस से हुई कहासुनी 

सभी किसानों ने पुराने सर्किल रेट से मुआवजा लेने से इनकार कर दिया और हंगामा करने लगे। एसडीएम के कहने पर कि जिसको मुआवजा लेना है वह ले ले, नहीं लेना चाहता है तो वह अपने घर जाए। हंगामा कर रहे किसान जब शांत नही हुए तो एसडीएम ने थाना पुलिस बुला ली और सभागार से बाहर करवा दिया। किसानों ने बाहर जाकर तहसील परिसर में नारेबाजी शुरू कर दी। तहसील परिसर में प्रदर्शनकारी किसानों की पुलिस से भी कहासुनी हो गई। 

बाद में पुलिस ने हंगामा कर रहे किसानों को समझाकर भेज दिया। प्रदर्शन करने वाले किसानों में राघवेंद्र सिंह, शिवेंद्र सिंह, घनश्याम गुप्ता, धर्मेन्द्र सिंह, विक्रांत सिंह, सर्वेश कुमार, अनोखेलाल, संजीव कुमार, ताले सिंह, सत्यप्रकाश सिंह, रामवीर सिंह, प्रदीप कुमार, राजू, भारतसिंह, रामकुमार, विकास, विष्णु, राधेश्याम, रितेश, श्यामवीर, कमला देवी, विमला देवी, सहित सैकड़ों किसान मौजूद रहे। 
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