पुलिस का इकबाल खत्म क्यों न हो। मथुरा के कस्बा कोसीकलां से दिनदहाड़े किशोरी का अपहरण हुआ। पुलिस ने एफआईआर लिखी लेकिन जनप्रतिनिधि के दबाव में न तो लड़की बरामद की और न ही आरोपियों की गिरफ्तारी। चार साल पूर्व पीड़ित की बेटी को भी अगवा किया गया था। पुलिस की लापरवाही से त्रस्त परिवार डीएम कार्यालय के सामने धरने पर बैठ गया है।
कोसीकलां की एक कालोनी निवासी व्यक्ति 18 अगस्त 2017 को पत्नी और नाबालिग पोती के साथ कहीं जा रहा था। रास्ते में दबंगों ने उसे धकियाते हुए पोती को खींच लिया और गाड़ी में डाल कर ले गए। पीड़ित ने शोर मचाया लेकिन कोई फायदा नहीं हुआ।
नामजद रिपोर्ट दर्ज कराई। कोसीकलां पुलिस ने आरोपियों को पकड़ा भी लेकिन प्रभावशाली जनप्रतिनिधि के दबाव में आरोपी छोड़ दिए। पीड़ित ने एसएसपी के द्वार पर गुहार लगाई पर आरोपियों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं हुई।