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UP: बुखार-खांसी से लेकर कैंसर तक...ब्रांडेड कंपनियों की दवाएं भी नकली, तीन राज्यों में फैला दवा माफिया का जाल

Thu, 28 Aug 2025 08:09 AM IST
धीरेन्द्र सिंह अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा

सार

आगरा की नकली दवाओं का सिंडिकेट तीन राज्यों में फैला है। एसटीएफ और औषधि विभाग ने खुलासा किया कि तमिलनाडु, पुडुचेरी और उत्तर प्रदेश की 10 फर्में संदिग्ध मिली हैं। ये फर्में लाखों रुपये के बिल बनाकर करोड़ों रुपये की दवाओं की कालाबाजारी कर रही थीं।
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दवाएं - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
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विस्तार
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 एसटीएफ और औषधि विभाग की जांच में नकली दवा के मामले में तमिलनाडु, पुडुचेरी और उत्तर प्रदेश के दवा माफिया का सिंडिकेट सामने आया है। इनकी 10 फर्में संदिग्ध मिली हैं। इनमें लाखों रुपये के बिल के नाम पर करोड़ों रुपये की दवाओं की कालाबाजारी की जा रही थी। इनकी जांच चल रही है।
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सहायक आयुक्त औषधि अतुल उपाध्याय ने बताया कि नकली दवा के मामले की आगरा की दो फर्म से शुरू हुई जांच तीन राज्यों तक पहुंच गई है। एसटीएफ के सहयोग से इनकी जांच चल रही है। इनमें हे मां मेडिको फार्मा, केएनके फार्मा, बंसल मेडिकल एजेंसी, श्री राधे मेडिको, मीनाक्षी फार्मा, बाबा फार्मा, पार्वती ट्रेडर्स समेत 10 फर्म का कारोबार संदिग्ध मिला है। ये 10 फर्में इन तीनों राज्यों की हैं। इनके संचालक, फर्म का पता समेत अन्य जानकारी जुटा रहे हैं। इनसे कितने का कारोबार हुआ, कहां-कहां से इनके बिल से खरीद-फरोख्त हुई। इन सभी की जांच की जा रही है।




 

ऐसे करते हैं काला कारोबार
सहायक आयुक्त औषधि ने बताया कि तमिलनाडु, पुुडुचेरी और उत्तर प्रदेश के दवा कारोबारी मिलकर काला कारोबार कर रहे थे। इसमें पुडुचेरी और तमिलनाडु के चेन्नई से ब्रांडेड कंपनी के नाम की दवाएं मंगवाते थे। इनका पैकेट, क्यूआर कोड हूबहू होता था। ये लखनऊ समेत अन्य शहरों की फर्म के नाम से दवाएं मंगवाकर आगरा में भंडारण करते थे, फिर यहां से ये कई राज्यों में इन दवाओं को खपाया जाता था। इसमें लाखों रुपये के बिल पर करोड़ों रुपये की दवाओं का कारोबार कर रहे थे।


 

तमिलनाडु, पुडुचेरी भी जाएगी टीम
जांच करने के लिए औषधि विभाग और एसटीएफ की टीम पुडुचेरी और तमिलनाडु भी जांच करने जाएगी। इसके लिए संबंधित राज्यों की फर्म, दवा कारोबारी समेत अन्य की रिपोर्ट बनाई जा रही है। शासन की अनुमति लेकर एसटीएफ और औषधि विभाग की टीम जाएगी।
 

दो फर्म ने कहा- दवाएं हैं नकली, तीन फर्में करा रहीं जांच
दो नामी कंपनियों ने अपने नाम से नकली दवाएं बनाने की पुष्टि कर दी है। तीन कंपनियां अभी आंतरिक जांच करा रही हैं। इसके आधार पर हे मां मेडिको और बंसल मेडिकल एजेंसी के दो गोदामों पर जांच चल रही है।
 

शासन स्तर पर की गई शिकायत
सहायक आयुक्त औषधि अतुल उपाध्याय ने बताया कि नामी कंपनी के नाम से नकली दवाओं की कालाबाजारी की शिकायत शासन स्तर पर की गई। इस पर हे मां मेडिको और बंसल मेडिकल एजेंसी के यहां छापा मारकर कार्रवाई की। इनमें से हे मां मेडिको से करीब 3.50 करोड़ रुपये की दवाएं जब्त कर ली हैं। इनमें से सनफार्मा और सैनोफी कंपनी ने अपने नाम से हे मां मेडिको के यहां नकली दवाओं की कालाबाजारी की पुष्टि कर ली है।
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21 नमूने की हो रही लैब में जांच
तीन कंपनियां और हैं, जो इनके यहां से दवाओं के नमूने लेकर गए हैं। ये आंतरिक जांच करा रहे हैं, इनकी पुष्टि होने से कार्रवाई में और बल मिलेगा। इन दोनों के गोदाम से अब तक विभिन्न दवाओं के 21 नमूने लेकर लैब में जांच करा रहे हैं। इसमें पुष्टि होने के बाद धाराएं और बढ़ा दी जाएंगी।
 
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