आगरा में यूपी सहायक अध्यापक भर्ती के लिए रविवार को हुई परीक्षा में मुन्नाभाई पकड़ा गया। वो आरबीएस इंटर कॉलेज में दूसरे की जगह परीक्षा दे रहा था। उसके पास से फर्जी आधार कार्ड मिला।
प्रवेश पत्र और आधार कार्ड पर नाम परीक्षार्थी का था, जबकि फोटो आरोपी का लगा था। आवेदन का रिकॉर्ड ऑनलाइन चेक करने पर सच्चाई सामने आई। केंद्र व्यवस्थापक की तहरीर पर पुलिस उसे पकड़ कर ले गई।
एडीएम सिटी केपी सिंह को किसी व्यक्ति ने फोन पर सूचना दी कि मथुरा के प्रदीप कुमार सारस्वत (रोल नंबर 0410201077) की जगह कोई और परीक्षा दे रहा है।
ऐसे हुआ खुलासा
एडीएम ने सेक्टर मजिस्ट्रेट एसडीएम किरावली विनीता सिंह और जिला विद्यालय निरीक्षक डॉ. विनोद कुमार यादव को जांच के लिए दोपहर करीब 12:15 बजे आरबीएस इंटर कालेज भेजा।
केंद्र पर स्टेटिक मजिस्ट्रेट शादाब खान मौजूद थे। सभी ने प्रदीप कुमार सारस्वत के नाम से परीक्षा दे रहे परीक्षार्थी के प्रवेश पत्र, आधार कार्ड की जांच की। दोनों पर उसी के फोटो लगे हुए थे। पूछताछ में उसने खुद को प्रदीप कुमार ही बताया।
अधिकारी आरबीएस इंटर कॉलेज से चले गए। एडीएम सिटी को जानकारी दी। उन्होंने आवेदन का रिकॉर्ड चेक कराने का सुझाव दिया। सहायक अध्यापक के लिए किए गए आवेदन की ऑनलाइन जांच करने पर अभ्यर्थी की तस्वीर अलग लगी।
मथुरा का रहने वाला है आरोप
हालांकि यह भी बहुत स्पष्ट नहीं थी। इसके बाद एसडीएम और जिला विद्यालय निरीक्षक दोबारा करीब 12:45 बजे परीक्षा केंद्र पर पहुंचे। परीक्षार्थी से कड़ी पूछताछ की तो उसने सच्चाई स्वीकार कर ली।
आरोपी ने बताया कि उसका नाम सुरेंद्र शर्मा है। वो मथुरा के राया का रहने वाला है और प्रदीप कुमार सारस्वत की जगह परीक्षा दे रहा था। अधिकारियों की सूचना पर पहुंची पुलिस उसे अपने साथ ले गई।
परीक्षा में दूसरे की जगह बैठने के साथ सुरेंद्र शर्मा ने एक और बड़ा अपराध फर्जी आधार कार्ड बनवाने का किया है। आधार कार्ड पर नाम और पता प्रदीप कुमार सारस्वत का है, फोटो सुरेंद्र शर्मा की लगी हुई है। यही प्रवेश पत्र में भी पाया गया।