यूपी के एटा जिले में चल रहे सामूहिक विवाह समारोह में मंगलवार को दहेज की मांग को लेकर दूल्हे के परिजन बिफर गए। इस दौरान दूल्हा मंडप से भाग गया। इसे लेकर प्रशासनिक अधिकारियों में हड़कंप मच गया।
दुल्हन के परिजनों ने कोतवाली नगर में तैनात एक सिपाही पर दूल्हे को भगाने का आरोप लगाया। डीएम से शिकायत हुई, तो एसएसपी ने मामले में हस्तक्षेप करते हुए सिपाही को तलब किया, तो दूल्हा फिर से विवाह समारोह में पहुंचा।
एटा महोत्सव में मंगलवार को हुए सामूहिक विवाह समारोह में दूल्हा मंडप से चला गया। अवागढ़ क्षेत्र के एक गांव निवासी युवती का विवाह अलीगढ़ के युवक से पांच फरवरी को तय किया गया।
दोनों परिवारों ने विवाह को सामूहिक विवाह समारोह में कराने की सहमति दी। दोनों परिवार मंगलवार को एटा महोत्सव पहुंच गए। जहां अचानक दूल्हे के परिजनों ने दुल्हन के परिवारीजनों से दहेज की मांग कर दी।
दुल्हन के परिजनों ने आरोप लगाया कि दूल्हे की ओर से डेढ़ लाख रुपये मांग की गई। जब परिजनों ने असमर्थता जताई तो कोतवाली नगर में तैनात सिपाही और रिश्ते में दूल्हे का मामा परवेंदर दूल्हे को मंडप से लेकर चला गया।
मामले की जानकारी होने पर प्रशासनिक अधिकारियों में हड़कंप मच गया। परिजनों ने डीएम अमित किशोर को मामले की जानकारी दी। जिस पर डीएम ने एसएसपी से बात करने के बाद सिपाही के खिलाफ कार्रवाई के लिए कहा।
फिर हुआ विवाह
प्रशासनिक अधिकारियों का दबाव पड़ा, तो सिपाही दो घंटे बाद दूल्हे को लेकर विवाह समारोह में पहुंचा। जहां अधिकारियों ने दूल्हे को समझाते हुए विवाह संपन्न कराया।
वहीं सिपाही ने आरोपों को निराधार बताया है। एसएसपी ने सिपाही को तलब करते हुए फटकार लगाई और कार्रवाई की चेतावनी दी।