शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) में आए अभ्यर्थियों और अभिभावकों की भीड़ से मंगलवार को पूरा शहर जाम हो गया। सबसे ज्यादा हालात एमजी रोड पर बिगड़े। दोपहर से लेकर शाम तक वाहनों की लंबी लाइन लगी रही। जाम खुलवाने में पुलिसकर्मियों को भी पसीना आ गया। इसके अलावा भीड़भाड़ वाले अन्य इलाकों में भी परीक्षा छूटने के दौरान जाम ने मुसीबत बढ़ाई।
शहर में 51 केंद्रों पर परीक्षा का आयोजन किया गया। अभ्यर्थियों के साथ उनके अभिभावकों की भीड़ भी काफी थी। 12:30 बजे पहली पाली की परीक्षा छूटने के बाद से ही जाम लगने लगा। एमजी रोड पर नालबंद से हरीपर्वत तक वाहनों की लंबी लाइन लग गई। दोपहर में ढाई बजे स्कूलों की छुट्टी हुई तो जाम की दिक्कत और बढ़ गई। स्कूली वाहन, आटो, महानगर बस, एंबुलेंस भी जाम मेें फंसने लगीं।
पांच मिनट की दूरी तय करने में भी आधा घंटा लग गया। कुछ ही देर में लोहामंडी, घटिया आजम खां, मदिया कटरा रोड, बालूगंज रोड, छीपीटोला, शाहगंज, पंचकुइयां पर भी सैकड़ों वाहन फंस गए। यहां जाम खुलवाने के कोई इंतजाम नहीं थे। इससे लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। शाम पांच बजे तक एमजी रोड पर जाम रहा।
यहां ज्यादा रही मुसीबत
एमजी रोड, मदिया कटरा, छीपीटोला, लोहामंडी, रकाबगंज, भगवान टाकीज, सुल्तानगंज की पुलिया, वाटर वर्क्स।
घंटों फंसे रहे स्कूली बच्चे
पहले टीईटी की पहली पाली छूटने पर जाम लगा। इसके खुलने से पहले ही स्कूलों की छुट्टी हो गई। स्कूली वाहन घंटों जाम में फंसे रहे। देहली गेट पर तीन घंटे में जाम खुल पाया।
25 मिनट जाम में फंसी दमकल
संजय प्लेस स्थित अशोक कॉसमॉस मॉल में मंगलवार दोपहर को अग्निशमन विभाग की ओर से मॉक ड्रिल की गई। मॉल की दूसरी मंजिल पर आग लगने पर तीन बजे पुलिस कंट्रोल रूम को जानकारी दी गई। इसकी जानकारी पर हरीपर्वत पुलिस पहुंच गई। मगर, फायरब्रिगेड की दमकल जाम में फंस गई। दमकल तकरीबन 25 मिनट बाद मॉल पहुंची। हालांकि इससे पूर्व ही मॉल के कर्मचारियों ने आग बुझाकर मॉक ड्रिल पूरी कर ली।