स्मार्ट सिटी के तहत आगरा की सड़कों पर चलने के लिए भेजी गई इलेक्ट्रिक बसें पहले दिन नहीं चल पाई। चार्जिंग में दिक्कत आने की वजह से बसों का संचालन नहीं हो सका। अब 15 दिन के भीतर संचालन का दावा किया गया है।
मंगलवार को ईदगाह बस स्टैंड पर केंद्रीय विधि एवं न्याय राज्यमंत्री एसपी सिंह बघेल और जनप्रतिनिधियों ने लखनऊ से भेजी गई पांच इलेक्ट्रिक बसों का संचालन शुरू करने को हरी झंडी दिखाई थी। बुधवार को पहले ही दिन एक भी बस का संचालन शुरू नहीं हो सका। पहले चरण में भगवान टॉकीज से एमजी रोड होकर आगरा कैंट स्टेशन तक इलेक्ट्रिक बसों का संचालन शुरू किया जाना है। सिटी बसों के लिए 22 रूट निर्धारित हैं।
आगरा मथुरा सिटी बस ट्रांसपोर्ट लिमिटेड के अधिकारियों ने बताया कि चार्जिंग के लिए अस्थायी रूप से जेनरेटर की व्यवस्था की गई थी, लेकिन जनरेटर से चार्जिंग नहीं हो पाई। अब नरायच में बनाए जा रहे चार्जिंग डिपो का कार्य पूर्ण होने के बाद ही बसों का संचालन शुरू किया जा सकेगा। इसमें 15 दिन का समय लग सकता है।
पहले चरण में इस रूट पर चलनी थीं बसें
प्रबंध निदेशक एमके पुंढीर के मुताबिक, पहले चरण में भगवान टॉकीज से एमजी रोड होकर आगरा कैंट स्टेशन तक इलेक्ट्रिक बसों का संचालन शुरू करना था। सिटी बसों के लिए 22 रूट निर्धारित किए। भगवान टॉकीज से सुभाष पार्क तक पांच रुपये और उसके बाद ढ़ाकरान से अवंतीबाई चौराहे तक 10 रुपये और आगरा कैंट तक 15 रुपये किराया लिया जाएगा।
ये है खासियतें
- वातानुकूलित लो फ्लोर बसें
- प्रदूषण रहित इलेक्ट्रिक बसें
- एलईडी पर स्टॉपेज बताएंगी
- बस में 5 कैमरे लगे हैं
- दिव्यांगों के लिए रैंप की सुविधा
- आपातकालीन अलार्म भी है
- चालक के पास पीए सिस्टम
- बटन से खुलेगा बस का दरवाजा
- सुविधाजनक 28 फाइबर सीट
- 2.5 मीटर चौड़ाई होने से आसानी
- एक बार की चार्जिंग में 120 किमी चलेगी
- 45 मिनट में पूरी तरह से चार्ज
- बस में मोबाइल फोन चार्जिंग सुविधा