छावनी परिषद के चुनाव में वोटरों ने नए चेहरों पर भरोसा जताया। रविवार को हुए चुनाव में देर रात परिणाम घोषित कर दिए गए। छावनी बोर्ड के 8 में से पांच वार्डों में जनता ने नए चेहरों को चुना। केवल तीन वार्डों में पूर्व सभासद अपनी जीत बरकरार रख सके। बोर्ड के आठ में से 7 वार्डों में निर्दलीय प्रत्याशी जीते, जबकि चुनाव चिह्न पर लड़ी भाजपा केवल एक वार्ड में ही जीत पाई।
छावनी बोर्र्ड के चुनाव परिणामों ने पांच पूर्व सभासदों को जोर का झटका दिया। उपाध्यक्ष पद की दावेदारी कर रहे रमाशंकर गोयल हार गए तो श्रीभगवान गुप्ता, मलिक अजीम, यशोदा रानी फिर से जीत सकीं। वार्ड एक से राजकुमारी लगातार चौथी बार जीतीं तो वार्ड चार से डा. पंकज महेंद्रू चौथी बार। वह 15 साल से उपाध्यक्ष पद पर रहे हैं। वार्ड 7 से हारे श्रीभगवान गुप्ता 1987-92 तक उपाध्यक्ष रहे थे। चुनाव जीतने वाले सभासदों को छावनी परिषद की सीईओ सोनम यंगडोल ने जीत का प्रमाण पत्र सौंपा। मतदान खत्म होते ही शाम से ही मतगणना स्थल पर प्रत्याशियों और उनके समर्थकों का हुजूम लगना शुरू हो गया।
डा. पंकज की उपाध्यक्ष पद पर मजबूत दावेदारी
छावनी परिषद चुनाव में चौथी बार जीते डा. पंकज महेंद्रू ने भाजपा के रमेश बघेल को हराया। डा. पंकज के चुनाव जीतते ही छावनी बोर्ड उपाध्यक्ष के लिए गठजोड़ शुरू हो गई। वार्ड 2 में उनकी पत्नी डा. रेनू महेंद्रू ने उपाध्यक्ष पद के प्रमुख दावेदार रमा शंकर गोयल (लल्ला बाबू) को 661 वोटों से हरा दिया।
...जब हारे प्रत्याशी जीत मानकर खुशी से झूमे
आगरा। वार्ड एक में परिणाम आने से पहले ही नीतू सिंह के समर्थकों ने उन्हें जीता घोषित कर दिया, लेकिन अब अंतिम परिणाम आए तो खुशी आंसुओं में बदल गई। वार्ड एक से जीतीं राजकुमारी घर से लौटीं। इसी तरह वार्ड 6 में मधु अग्रवाल समर्थकों ने सीमा राजपूत से जीत का दावा करते खुशी मनानी शुरू कर दी। महज 23 वोटों से उन्हें हार का मुंह देखना पड़ा तो आंखों से आंसू छलक उठे।
सेना के दोनों प्रत्याशी हारे
आगरा। छावनी चुनाव में पहली सेना के अधिकारियों के परिजन भी मैदान में थे। वार्ड चार से राधा देवी और वार्ड आठ से जी श्रवण कुमारी निर्दलीय के रूप मे चुनाव लड़ रही थीं लेकिन छावनी की जनता ने दोनों को नकार दिया। चार नंबर सैनिक वोट हैं 1012 और आठ में 1072 वोट हैं। जबकि चार वार्ड में राधा देवी को 69 और आठ में जी श्रवण कुमारी को 475 मत मिले हैं।