आगरा में गुरुवार को ताजमहल के पास झकझोर देने वाला मामला सामने आया। ताजमहल देखने आए पर्यटक कार में बुजुर्ग को अकेला छोड़ गए। बुजुर्ग के हाथ-पैर बंधे हुए थे। बंद कार में बुजुर्ग बेहाल हो गए।
आगरा में ताजमहल की पश्चिमी गेट पार्किंग में खड़ी महाराष्ट्र शासन लिखी कार की पिछली सीट पर बृहस्पतिवार दोपहर को एक वृद्ध को तड़पता देखकर पर्यटकों की भीड़ जुट गई। कार का दरवाजा नहीं खुलने पर शीशा तोड़कर वृद्ध को बाहर निकाला गया। पुलिस ने बताया कि वृद्ध का परिवार ताजमहल देखने आया था। बीमार होने पर वृद्ध को चालक की माैजूदगी में कार में छोड़कर परिजन घूमने चले गए थे। गर्मी से उनकी हालत बिगड़ गई। बाद में परिजन उन्हें अपने साथ लेकर चले गए।
घटना दोपहर करीब 12 बजे की है। एसीपी लोहामंडी प्रभारी ताज सुरक्षा मयंक तिवारी ने बताया कि पश्चिमी गेट पार्किंग में खड़ी एक कार की पिछली सीट पर वृद्ध बैठे हुए थे। वह सीट से कपड़े से बंधे हुए थे। गर्मी की वजह से वह तड़पने लगे। आसपास से निकल रहे पर्यटकों की नजर उन पर पड़ गई। पर्यटकों ने कार का दरवाजा खोलने का प्रयास किया लेकिन वह अंदर से बंद था। बाद में सुरक्षाकर्मियों को जानकारी दी गई।
पिछली सीट का शीशा तोड़कर एक पर्यटक ने अंदर प्रवेश किया और वृद्ध को पानी पिलाया। उनकी हालत में सुधार हो गया। आगे की सीट से दरवाजा खोलने के बाद बाहर निकालकर एंबुलेंस से वृद्ध को अस्पताल ले जाने लगे। तब तक वृद्ध के परिजन भी आ गए। उन्होंने शाहजहां गार्डन के पास एंबुलेंस को रुकवा लिया।
एक व्यक्ति ने कहा कि पिता बीमार हैं। वह चल नहीं पाते हैं। इस वजह से वह ताजमहल जाने से पहले देखभाल के लिए चालक को छोड़कर गए थे मगर वह काम से चला गया था। पिता सीट से गिर न जाएं, इसलिए बांधकर गए थे।
गर्मी की वजह से बिगड़ी हालत
पर्यटन थाना पुलिस ने बताया कि महाराष्ट्र का परिवार सुबह नाै बजे ताजमहल का दीदार करने पहुंचा था। वृद्ध को कार में ही पीछे की सीट पर बैठाकर सभी लोग चले गए। उनके साथ गाड़ी का चालक भी था लेकिन दो घंटे बाद चालक कार की पिछली सीट के दोनों तरफ के शीशे 4 से 5 इंच तक खोलकर वहां से चला गया। काफी देर तक चालक के न आने के कारण सीट से बंधे हुए वृद्ध की गर्मी की वजह से हालत बिगड़ने लगी। पर्यटक के बारे में पुलिस जानकारी जुटा रही है।