मकान मालिक और गोदाम संचालक पर होगा मुकदमा
औषधि निरीक्षक नरेश मोहन दीपक ने कहा कि दवाओं समेत अवैध गोदाम सील कर दिया है। पांच नमूनों की जांच करा रहे हैं। मकान मालिक और गोदाम संचालक के खिलाफ औषधि एवं प्रसाधन अधिनियम 1940 की धारा 18/27 के अंतर्गत धारा 32 के तहत मुकदमा कोर्ट में कराया जाएगा।
गोदाम में मिलीं 35 तरह की दवाएं
औषधि निरीक्षक राजकुमार शर्मा ने बताया कि गोदाम में 80 कार्टन एलोपैथिक और 70 कार्टन आयुर्वेदिक दवा के मिले। इनमें टैबलेट, इंजेक्शन, दर्द निवारक, एस्टरॉयड, एंटीबायोटिक, आयुर्वेद और शरीर सौष्ठव के फूड प्रोडक्ट शामिल हैं। इन दवाओं का इस्तेमाल बुखार-खांसी, जुकाम, मधुमेह, हृदय, त्वचा रोग और रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने में उपयोग किया जाता है।
15 हजार रुपये महीने पर एक साल के लिए लिया था गोदाम
औषधि विभाग की पूछताछ में मकान मालिक ने 15 हजार रुपये महीने पर दिसंबर 2020 से नवंबर 2021 तक किराए पर दिया था। गोदाम मालिक मनोज मित्तल ने टीम को बताया कि उनकी फर्म के पास लोहिया नगर बल्केश्वर में उनका गोदाम था। वहां के मकान मालिक ने गोदाम खाली करा जिया तो यहां गोदाम किराए पर ले लिया। टीम ने कहा इसकी जानकारी क्यों नहीं दी, इस पर वह चुप हो गया।
औषधि निरीक्षक नरेश मोहन दीपक ने बताया कि अवैध गोदाम मिलने पर गोदाम संचालक और मकान मालिक दोनों को दोषी माना जाएगा। मकान मालिक किराएनामे के नाम पर बच नहीं सकते। अगर 31 जनवरी तक मकान मालिक बिना लाइसेंस के चलने वाले गोदाम की जानकारी दे देते हैं तो उन पर कार्रवाई नहीं होगी। 31 के बाद कोई रियायत नहीं मिलेगी।
एक नजर : आगरा में अब तक
8.50 करोड़ रुपये की दवाएं हो चुकी हैं जब्त
27 तरह की दवाएं मिली हैं जब्त सामान में
19 कंपनियों की हैं जब्त की गई दवाएं
50 तस्कर हैं जयपुरिया और पंकज गुप्ता के गैंग में
17 तस्कर अभी तक पुलिस की गिरफ्त में आए
04 नामजद हैं फरार, इनमें सरगना पंकज गुप्ता भी