पुलिस हिरासत में बालक के अपहरण का आरोपी साबिर।पुलिस
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आगरा। जिस आंचल ने दो साल तक दो मासूमों को अपनी छांव में रखकर अपनी ही औलाद की तरह पाला, उसी ममता पर प्रेमी का रिश्ता भारी पड़ गया। जब इस नए रिश्ते की चाहत बढ़ी तो वही आंचल एक खौफनाक साजिश का गवाह बन गया। वाकया जगदीशपुरा थाना क्षेत्र का है। जहां महिला ने देवर के छोड़े गए बच्चों को सीने से लगाकर तो रखा लेकिन स्वार्थ में घिनौनी साजिश रच डाली। प्रेमी के पकड़े जाने पर खुले इस राज ने सभी को चौंका दिया है।
जगदीशपुरा के बोदला स्थित राहुल नगर की रहने वाली एक महिला की अपनी कोई संतान नहीं थी। ऊपर से पति और देवर दोनों शराब के नशे में डूबे रहते थे। ऐसे में जब उसकी देवरानी दो साल पहले अपने दो बच्चों को छोड़कर हमेशा के लिए चली गई, तो महिला का दिल पसीज गया। उसने चार और पांच साल के दोनों मासूमों को अपनी ममता की छांव दी। पिछले दो सालों से वह इनका लालन-पालन कर रही थी। लोगों की नजरों में वह एक मसीहा बन चुकी थी।
इसी बीच, महिला की जिंदगी में साबिर नाम का एक युवक आया। मजदूरी करने वाला साबिर उसका हर तरह से ख्याल रखने लगा। धीरे-धीरे यह करीबी रिश्ता प्रेम में बदल गया। दोनों में अपनी एक नई दुनिया बसाने की ख्वाहिश जगी। जब प्रेमी साबिर ने महिला के सामने साथ भागने और नया जीवन शुरू करने का प्रस्ताव रखा तो महिला के सामने एक सामाजिक उलझन आ खड़ी हुई। उसने सोचा कि अगर वह अचानक बच्चों को छोड़कर चली जाएगी तो समाज और परिवार में उसकी ममता और चरित्र पर दाग लग जाएगा। बदनामी के डर से उसने भागने से इन्कार कर दिया।
सीसीटीवी से खुला राज
यहीं से मानवीय संवेदनाओं का गला घोंटने वाली एक साजिश ने जन्म लिया। महिला और उसके प्रेमी ने मिलकर तय किया कि यदि रास्ते से बच्चे ही हट जाएं तो उनके मिलने में कोई रुकावट नहीं आएगी और समाज में कोई उंगली भी नहीं उठाएगा। योजना के तहत साबिर ने बच्चों को ठिकाने लगाने का बीड़ा उठाया। बृहस्पतिवार की सुबह, जब चार साल का मासूम कालू घर के बाहर खेल रहा था तो साबिर वहां पहुंचा। उसने प्यार से बच्चे को बहलाया और इशारे से अपने साथ ले गया। कुछ देर अपहरण का हल्ला मच गया। ताई ने ऐसा रोना रोया कि किसी को उस पर शक न हो। वह खुद गुमशुदगी दर्ज कराने थाने पहुंच गई। मगर सीसीटीवी कैमरों ने इस ड्रामे का पर्दाफाश कर दिया। फुटेज में साबिर बच्चे को बात करते और अपने साथ ले जाते दिख गया। पुलिस ने जब साबिर को दबोचकर सख्ती से पूछताछ की, तो उसने सारा सच उगल दिया। आरोपी ने बताया कि उसका दिल मासूम का कुछ बुरा करने को नहीं माना, इसलिए उसने बच्चे को मलपुरा के जंगलों में अकेला छोड़ दिया। उनकी योजना एक-एक कर दोनों बच्चों को ठिकाने लगाने की थी।
वर्जन:
ने बताया कि आरोपी साबिर को गिरफ्तार कर लिया गया है और बच्चे को सकुशल बरामद कर लिया गया है। इस पूरी साजिश में महिला (ताई) की भूमिका सामने आने पर उसे भी आरोपी बनाया जा रहा है। - गौरव सिंह, एसीपी लोहामंडी