कासगंज। जिला एवं सत्र न्यायाधीश सैयद माऊज बिन आसिम के न्यायाल ने गैर इरादतन हत्या के आरोपी डॉक्टर को जमानत नहीं दी। कोर्ट ने आरोपी की जमानत अर्जी खारिज कर दी।
सदर कोतवाली क्षेत्र के निवासी भगवान सिंह ने पत्नी रीता के प्रसव पीडा होने पर ओम हॉस्पिटल अमांपुर रोड में 4 जून को भर्ती कराया। डॉ. भरत शर्मा एवं अजय यादव ने आपरेशन के लिए बोला और रुपये लाने के लिए कहा। जब वह रुपये लेकर वापस आया तब तक डॉक्टर ने पत्नी का आपरेशन कर दिया। आपरेशन के बाद अधिक रक्त स्राव हो जाने से रीता की हालत खराब हो गई। इसके बाद रीता को अस्पताल से बाहर निकाल दिया और दूसरी जगह ले जाने को बोल दिया। रीता की मौत हो गई। पुलिस ने मामले की विवेचना कर डाॅक्टर को जेल भेज दिया। डॉक्टर ने अपनी जमानत अर्जी जिला न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत की। अभियोजन पक्ष की ओर से जिला शासकीय अधिवक्ता ने मामले की पैरवी करते हुए आरोपी की जमानत का विरोध किया। कोर्ट ने आरोपी की जमानत अर्जी खारिज कर दी।