मैनपुरी। भोगांव में लगने वाले साप्ताहिक पशु मेले से हो रही अव्यवस्था, गंदगी और सड़क जाम के मामले में स्थायी लोक अदालत में दायर याचिका पर एकतरफा सुनवाई का आदेश कोर्ट ने दिया है।
अधिवक्ता देवेंद्र सिंह कटारिया द्वारा दायर की गई याचिका में डीएम, एसडीएम, सीओ और एआरटीओ को विपक्षी बनाया गया। यह कोर्ट से लगातार गैर-हाजिर रहे। इस पर स्थायी लोक अदालत के न्यायाधीश श्याम कुमार और सदस्यों एकता मिश्रा व जितेंद ने विपक्ष (अधिकारियों) को पर्याप्त अवसर देने के बाद भी उनकी अनुपस्थिति को देखते हुए मामले को एकतरफा चलाने का आदेश दिया। अब इस मामले की अगली सुनवाई 27 अगस्त 2025 को होगी।
यह है मामला
भोगांव में हर मंगलवार को लगने वाले पशु मेले में आसपास के जिलों से बड़ी संख्या में किसान और व्यापारी भैंसों की खरीद-बिक्री के लिए आते हैं। वे अपने जानवरों को लेकर आने वाले ट्रक, पिकअप और अन्य वाहन मुख्य सड़कों और उनके किनारे खड़े कर देते हैं। इससे अक्सर राजमार्ग अवरुद्ध हो जाता है, जिससे रोडवेज बसों, एंबुलेंस और आम लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है। अधिवक्ता देवेंद्र सिंह कटारिया ने इस अव्यवस्था को लेकर स्थायी लोक अदालत में एक याचिका दायर की। उन्होंने बताया कि 13 अगस्त को एक रिश्तेदार के अंतिम संस्कार में शामिल होने के लिए बेवर जाते समय उन्हें भी इसी जाम का सामना करना पड़ा और वे समय पर नहीं पहुंच पाए। उन्होंने इसे अपनी व्यक्तिगत समस्या न मानकर आम जनता की समस्या बताया। अधिवक्ता ने इस मामले में जिलाधिकारी, उपजिलाधिकारी भोगांव, सीओ भोगांव और एआरटीओ को पक्षकार बनाया था। न्यायालय द्वारा नोटिस और सुलह-वार्ता के लिए रजिस्टर्ड डाक से भेजे गए नोटिस के बावजूद, कोई भी अधिकारी उपस्थित नहीं हुआ।