धन, संपदा, ऐश्वर्य की देवी मां महालक्ष्मी के स्वागत में अमावस की रात भी जगमग होगी। दीपमालाओं की सतरंगी रोशनी से धरा का हर कोना दीप्यमान होगा और आसमान आतिशबाजी के शोर से गुंजायमान होगा। दिलों में नई उमंग और आस्था के साथ नर, नारी मां लक्ष्मी, सरस्वती और गणेश जी आह्वान करेंगे। विधिवत पूजन, अर्चन के साथ माता से सुख समृद्धि की कामना होगी। इस वर्ष दीपावली पर प्रीति और पद्म योग बन रहा है, जो बेहद लाभकारी योग है।
ज्योतिषाचार्य शिव शरण पारासर के मुताबिक रविवार को सूर्योदय से रात्रि पौने ग्यारह बजे तक प्रीति एवं पद्म योग रहेगा। शाम 5 बजकर 20 मिनट से 7 बजकर 55 मिनट तक प्रदोष काल रहेगा। इन दोनों उत्तम योग के दौरान दीपावली पूजन श्रेष्ठ रहेगा। प्रदोष काल में द्वीप प्रज्वलन का विशेष फल प्राप्त होता है।
उन्होंने बताया कि दिन विष्णु स्वरूप और रात लक्ष्मी स्वरूपा है। दोनों के संयोग काल को प्रदोष काल कहा जाता है। इस दौरान पूजन से गृहस्थ एवं व्यापारियों को विशेष लाभ होगा। पंडित दिनेश गुरु के मुताबिक व्यापारी, मजदूर, राजनेता, कर्मचारी, अधिकारियों, गृहस्थ के लिए पूजन के अति उत्तम मुहूर्त बने हैं। सुबह 9.32 से दोपहर एक बजे तक उसके बाद रात 7.00 बजे से 10 बजे तक दीपावली का पूजन श्रेष्ठ रहेगा।
दीपावली पूजन की चौघड़िया सूर्य उदय से
उत्तम- सुबह 6.31 से 8.01 बजे तक
चंचल- सुबह 8.02 से 9.31 बजे तक
लाभ- सुबह 9.32 से 11.31 बजे तक
अमृत- सुबह 11.32 से दोपहर 01.00 बजे तक
काल- दोपहर 1.00 से दोपहर 2.30 बजे तक
शुभ- दोपहर 2.31 से दोपहर 4.00 बजे तक
रोग- दोपहर 4.00 बजे से प्रदोष काल 5.30 बजे तक
उत्पाद- प्रदोष काल 5.31 से रात 7.00 बजे तक
चौघड़िया सूर्य अस्त से रात्रि भर तक
शुभ- रात 7 बजे से 8.30 बजे तक
अमृत- रात 8.31 से 10.00 बजे तक
चंचल रात 10 से 11.30 बजे तक
रोग- रात11.30 से रात 1.00 बजे तक
काल- रात 1.00 से रात 2.30 बजे तक
लाभ- रात 2.30 से सुबह 4.00 बजे तक
लग्न के अनुसार दीपावली पूजन मुहूर्त
तुला- सुबह 5.53 से 8.11 बजे तक
वृश्चिक- सुबह 8.12 से 10.28 बजे तक
धनु- सुबह 10.29 दोपहर 12.33 बजे तक
मकर- दोपहर 12.34 से 2.18 बजे तक
कुंभ - दोपहर 2.19 से 3.49 बजे तक
मीन- दोपहर 3.50 से शाम 5.16 बजे तक
मेष- 5.16 से प्रदोष काल 6.53 बजे तक
वृष- प्रदोष काल 6.54 से रात 8.49 बजे तक
मिथुन- रात 8.50 से रात 11.02 बजे तक
कर्क- रात 11.03 से रात 1.21 बजे तक
सिंह- रात 01.22 से रात 03.38 बजे तक
कन्या-रात 03.29 से सुबह 5.52 बजे तक
शाम चार से रात दस बजे तक होगी गोवर्धन पूजा
आगरा।
सोमवार को गोवर्धन महाराज का पूजन होगा। गोवर्धन महाराज की स्थापना के लिए शाम चार का मुहूर्त उत्तम है। गोवर्धन स्थापना के साथ ही महिलाएं पूजन कर सकेंगी। उसके बाद रात में 9.30 बजे गोवर्धन महाराज की परिक्रमा और पूजन का मुहूर्त है। मंगलवार को भैया दूज का पर्व मनाया जाएगा। पंडित दिनेश गुरु के मुताबिक भैया दूज पर पूरे दिन शुभ मुहूर्त है।