जिले में विकास योजना की संरचना शुक्रवार को कलक्ट्रेट के रुद्राक्ष सभागार में आयोजित की गई। जिसे जिले के जन प्रतिनिधियों ने अनुमोदित किया। यह जिला विकास योजना 2.951 अरब रुपये की अनुमोदित की गई है। इसमें अलग अलग विभागों और योजनाओं के मुताबिक व्यय के प्रावधान प्रस्तावित किए हैं।
जिले के प्रभारी मंत्री अनिल शर्मा ने जिला योजना की बैठक की अध्यक्षता की। उन्होंने कहा कि जिले में विकास के कार्यों को पारदर्शिता के साथ कराया जाए। जिससे लोग लाभान्वित हों। शासन के द्वारा संचालित विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं से पात्रों को लाभ मिले। उन्होंने कहा कि पिछले वर्ष कोरोना महामारी की त्रासदी सभी ने झेली है। जिले में कोरोना से लड़ने वाले फ्रंटलाइन वॉरियर्स, डीएम व प्रशासनिक टीम बधाई के पात्र हैं। उन्होंने कहा कि विकास के मुद्दों पर प्रशासनिक अधिकारी जनप्रतिनिधियों से संवाद बनाकर रखें। जिससे कहीं कोई समस्या नहीं आएगी। जन प्रतिनिधियों का सहयोग प्रशासन को मिलेगा।
जिलाधिकारी सीपी सिंह ने बताया कि शासन के निर्देशानुसार जनपद की आवश्यकताओं को दृष्टिगत रखते हुए स्थानीय निकायों एवं विभिन्न विभागों के प्रस्ताव प्राप्त करके जिला विकास योजना की संरचना प्रस्तावित की गई है। प्रस्तावित संरचना में परिव्यय का अलग-अलग प्रावधान किया गया। बैठक में सीडीओ तेज प्रताप मिश्र ने बताया कि पिछले वित्तीय वर्ष में जिला योजना के परिव्यय के सापेक्ष 96.27 करोड़ रुपये की धनराशि व्यय हुई। अवमुक्त धनराशि का शत प्रतिशत व्यय किया गया। बैठक में सदर विधायक देवेंद्र राजपूत, विधायक पटियाली ममतेश शाक्य, विधायक अमांपुर देवेंद्र प्रताप सिंह, भाजपा जिलाध्यक्ष केपी सिंह सोलंकी, भाजपा ब्रज क्षेत्र के मंत्री पूर्णेंद्र सोलंकी इस जिला योजना की बैठक में मौजूद रहे। इसके अलावा विभिन्न विभागों के अधिकारी बैठक में मौजूद थे।
जिला योजना की संरचना
1- कृषि एवं संवर्गीय सेवा एवं सिंचाई: 1555.47 लाख रुपये
2- ग्राम्य विकास एवं पंचायती राज: 7372.00 लाख रुपये
3- सड़क एवं पुल: 3874.59 लाख रुपये।
4- शिक्षा प्राथमिक, उच्च प्राविधिक: 2896.80 लाख रुपये।
5- चिकित्सा एवं स्वास्थ्य : 677 लाख रुपये।
6- पेयजल नगरीय: 394.80 लाख रुपये।
7- समाज कल्याण एवं अन्य योजनाएं : 2814.83 लाख रुपये।
8- पर्यटन, सेवायोजन वन पर्यावरण, खादी ग्रामोद्योग व अन्य: 1365.51 लाख रुपये।