पुलिस ने आनलाइन शॉपिंग करने वाली कंपनी के नाम पर लकी ड्रा निकालने का झांसा देकर सैकड़ों लोगों से ठगी करने वाले गिरोह का खुलासा किया है। गिरोह के सदस्य एटीएम कार्ड नंबर और पासवर्ड पूछकर आनलाइन रकम ट्रांसफर कर लेते थे। गिफ्ट भेजने के लिए टैक्स के रूप में रकम जमा करा लेते थे। गिरोह ने सैकड़ों लोगों को अपना शिकार बनाया है।
पुलिस सूत्रों ने बताया कि कंपनी ने एमपी, राजस्थान, दिल्ली के लोग ठगी के शिकार हुए हैं। मध्य प्रदेश के इंदौर के थाना विजय नगर स्थित समर पार्क निवासी छाया पाटिल एक प्राइवेट कंपनी में फ्रंट आफिस एग्जीक्यूटिव हैं। उन्होंने शुक्रवार को एएसपी अनुराग वत्स से फोन पर शिकायत की थी। उन्होंने बताया था कि 12 जनवरी को उनके मोबाइल पर एक काल आया। काल करने वाले ने खुद को एक आनलाइन शॉपिंग कराने वाली कंपनी का कर्मचारी बताया। कहा उनका लकी ड्रा निकला है। आपको चार च्वाइस दी जाती हैं। इसके तहत एक वाशिंग मशीन, रेफ्रिजरेटर, एप्पल आई फोन, एलईडी आदि दिए जाएंगे। इनमें से एक को चुनने को बोला।
छाया ने एप्पल फोन चुना। उनसे कहा कि वह कंपनी की वेबसाइट पर जाकर चार हजार रुपये की आनलाइन शॉपिंग करती हैं तो उन्हें यह फोन मिल जाएगा। इस पर छाया ने एक प्रेशर कुकर बुक कराया। इसके बाद कर्मचारी ने फिर से फोन करके डिटेल मांगी। इस दौरान एटीएम कार्ड का नंबर और ओटीपी (वन टाइम पासपवर्ड) भी ले लिया। उनके खाते से चार हजार रुपये आनलाइन ट्रांसफर कर लिए। कुछ दिन बाद उन्होंने फोन भेजने को कहा तो कर्मचारी ने बताया कि फोन 43 हजार रुपये का है। इस पर 9999 रुपये टैक्स लग रहा है। इसे जमा कर देंगी तो गिफ्ट मिल जाएगा।
छाया ने मना कर दिया। गिफ्ट आने पर रकम जमा करने के लिए बोला। इस पर कर्मचारी ने मना कर दिया। छाया को ठगी का एहसास हुआ। शुक्रवार को शहर में सीएम का रोड शो होने की वजह से पुलिस ने कार्रवाई करने में असमर्थता जताई। इस पर छाया ने कंट्रोल रूम पर शिकायत की।
शनिवार दोपहर को हरीपर्वत इंस्पेक्टर ने क्षेत्र में ही बनाए गए कंपनी के आफिस में छापा मारा। यहां पर एक कंपनी का बोर्ड लगा हुआ था। चार युवती और दो युवक काम करते मिले। पुलिस उन्हें पकड़कर थाने ले आई। आफिस में से लैपटॉप, सात वायरलेस फोन, मोबाइल सहित कई दस्तावेज मिले। उन्हें जब्त कर लिया गया। इंस्पेक्टर ने बताया कि कर्मचारी यूपी के आसपास के राज्यों दिल्ली, राजस्थान, एमपी के लोगों फोन करके लकी ड्रा का झांसा देते थे। इसके बाद अपने खाते में रकम जमा करा लेते थे। सैकड़ों लोगों से ठगी की जा चुकी है। आनलाइन शापिंग कराने वाली कंपनी के नाम पर ठगी की जाती थी। कर्मचारियों से पूछताछ की जा रही है।
फोन डायरेक्ट्री में एक लाख नंबर
इंस्पेक्टर हरीपर्वत ने बताया कि एक फोन डायरेक्ट्री मिली है, जिस पर तकरीबन एक लाख लोगों के नंबर लिखे हैं। यह सब नंबर यूपी से बाहर के लोगों के हैं।
कर्मचारियों को सरगना बनाता है मोहरा
सरगना पुलिस के हाथ नहीं आ सका है। पुलिस सूत्रों ने बताया कि तकरीबन तीन महीने से यह आफिस चल रहा है। पांच से सात हजार प्रतिमाह पर कर्मचारी नौकरी कर रहे थे। पुलिस सरगना की तलाश कर रही है।
...ताकि कोई और के साथ न हो ठगी
छाया पाटिल ने बताया कि चार हजार रुपये की ठगी का पता चलने पर उन्होंने आरोपियों को पकड़ने की ठान ली। फोन करने वाले ने कंपनी का आफिस गुड़गांव और नोएडा में बताया था। मगर, उन्हें शक हो गया। उन्होंने इंटरनेट और ट्रू कालर की सहायता से नंबर का पता किया तो वह आगरा का निकला। उसमें भी हरीपर्वत क्षेत्र आ रहा था। इस पर अपने एक परिचित के माध्यम से कंपनी की जानकारी ली।
सोने का लालच देकर 60 लाख ठगे
आगरा। क्षत्रिय महासभा के युवा विंग के प्रदेश महासचिव लालू जादौन ने एत्माद्दौला क्षेत्र के पांच लोगों पर 60 लाख रुपये की ठगी का आरोप लगाते हुुए तहरीर दी है। उन्हें नौ किलो सोना सस्ते दाम में देने का लालच दिया था। झांसे में आकर वह 60 लाख रुपये दे बैठे। आरोपी रकम वापस करने की जगह धमकी दे रहे हैं।
लालू जादौन फिरोजाबाद के नारखी के गांव सेवला के रहने वाले हैं। उनका मकान आगरा के दयालबाग क्षेत्र में भी हैं। वह एत्माद्दौला के ट्रांसपोट कंपनी चलाने वाले एक शख्स के संपर्क में तीन साल पहले आए। उसने कहा कि उसके पास चोरी का नौ किलो सोना है। वह उसे सस्ते दाम में दे सकता है। लालू ने कई बार में 60 लाख रुपये दे दिए। झांसा देने में आरोपी की पत्नी भी शामिल रही। उसने बाद में ट्रांस यमुना नगर के एक सराफ का नाम लेकर कहा कि सोना वह देगा, लेकिन न सोना दिया और न ही रकम लौटाई। अब जान से मारने की धमकी दे रहे हैं। उन्होंने एत्माद्दौला थाना पर तहरीर दी है। उनका कहना है कि ठगी में पांच लोग शामिल हैं।