दिल्ली-भोपाल शताब्दी एक्सप्रेस से रविवार की सुबह को एक संदिग्ध युवक पकड़ा गया। वह जम्मू-कश्मीर के अनंतनाग जिले का रहने वाला है। पूछताछ के दौरान बार-बार बयान बदलता रहा। एक बार को तो टेबिल पर पड़ी आलपिन उठाकर खुद को लहूलुहान कर लिया। शाम को नोएडा से पहुंची एटीएस की टीम उसे अपने साथ ले गई।
दिल्ली से भोपाल जा रही शताब्दी एक्सप्रेस में बगैर टिकट सफर कर रहे युवक से टीसी ने पलवल के पास टिकट मांगा तो वह खामोश हो गया। इशारों में बात करने लगा। वह खुद को मूकबधिर साबित कर रहा था। टीसी को संदेह हुआ तो उसने रेलवे कंट्रोल को सूचना दी।
जब भोपाल शताब्दी एक्सप्रेस सुबह को 8:30 पर प्लेटफार्म संख्या एक पर पहुंची तो जीआरपी ने उस युवक को ट्रेन से उतार लिया। दोपहर को 12 बजे तक वह खामोश रहा लेकिन जब कड़ाई से पूछताछ हुई तो बोलने लगा। उसने अपना नाम बिलाल अहमद बानी पुत्र रमजान बानी बताया।
दिनभर संदिग्ध से हुई पूछताछ
मथुरा जंक्शन
- फोटो : अमर उजाला
वह जम्मू में अनंतनाग जिले के गांव दिलगांव का रहने वाला है। उसके बताए नंबरों के आधार पर उसके पिता से भी खुफिया एजेंसियों ने बात की। बिलाल के पिता ने बताया कि वह सापोर में दवाओं का काम करता है। जबकि उसकी पत्नी कह रही थी कि वह नाराज होकर चला गया है।
दिन भर उससे पूछताछ होती रही। शाम को नोएडा से एटीएस के एसपी ब्रजेश श्रीवास्तव मथुरा पहुंचे और उन्होंने पूछताछ की। देर शाम को उसे अपने साथ नोएडा ले गए। हालांकि किसी ने अधिकृत रूप से कुछ नहीं बताया लेकिन खुफिया सूत्रों का कहना है कि बिलाल अहमद ने बताया है कि उसे 26 जनवरी के दिन एक काम करने के लिए लाया गया है।
वह चार लोग हैं। उसके पास से दो एटीएम कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, सिम कार्ड और आधार कार्ड और दिल्ली के होटल का बिल व दवाओं का बिल मिला है।