नाई की मंडी में मोहल्ला तोपखाना में गोकशी का यह पहला मामला नहीं है। न ही सलीम पड्डा का नाम पहली बार इस अपराध में आया है। तोपखाना में नाले के पास बने कट्टीखाना पर पहले भी कई बार गोकशी पकड़ी जा चुकी है। सलीम पड्डा गोकशी में कई बार जेल जा चुका है। इसके बावजूद यह अपराध रुक नहीं पा रहा। बवाल होने पर पुलिस एक्शन लेती है लेकिन सख्ती थोड़े दिन ही चलती है।
नाई की मंडी में पिछले महीने ही गोकशी पर भारी हंगामा हुआ था। तब पुलिस ने एक युवक को गोमांस रखने के आरोप में गिरफ्तार किया था। उसे बेकुसूर बताते हुए उसकी हिमायत में सैकड़ों लोग आ गए थे। तब भी पुलिस ने इस इलाके से गोकशी बंद कराने के लिए कोई अभियान नहीं चलाया। पिछले महीने ही शासन ने निर्देश दिए थे कि गोकशी के मामलों में पूर्व में जेल जा चुके लोगों पर नजर रखी जाए। लेकिन सलीम पड्डा पर पुलिस ने नजर नहीं रखी।
हम यहां गोकशी नहीं होने देंगे
गोकशी का विरोध करने के लिए पहले हाजी कादिर और उनका परिवार ही आगे आया लेकिन इसके बाद सैकड़ों लोग आ गए। उन्होंने कहा कि यहां किसी भी सूरत में गोकशी नहीं होने देंगे। इससे पूरे इलाके की बदनामी होती है। एसपी सिटी आरके सिंह ने उन्हें आश्वासन दिया कि इस मामले में कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
घायलों का मेडिकल कराया
पुलिस ने रात में ही घायलों का मेडिकल परीक्षण कराया। कादिर पक्ष से उन्हें, जाकिर और नसीम को चोट आई। इनमें से पुलिस पहले जाकिर और नसीम को थाना ले गई। इसकेबाद मेडिकल परीक्षण के लिए भेजा।
मौके पर ही लिखी गई तहरीर
हाजी कदीर ने मौके पर ही पुलिस को तहरीर लिखकर दी। उन्होंने कहा कि वे पीछे हटने वाले नहीं है। वे नहीं चाहते कि किसी को दबाव बनाने का मौका मिला। उधर, हमलावरों की तलाश में पुलिस ने उनके घर दबिश दी, लेकिन वे नहीं मिले।
भैंसों से लदी टाटा मैक्स पकड़ी, हंगामा
सदर के नौलक्खा में शुक्रवार सुबह भैंसों से लदी टाटा मैक्स गाड़ी को लोगों ने रोक लिया। इसकी जानकारी पर बजरंग दल के कार्यकर्ता पहुंच गए। उन्होंने हंगामा काटना शुरू कर दिया। सूचना पर आई पुलिस ने तीन लोगों को गिरफ्तार कर लिया। इस मामले में मुकदमा दर्ज किया गया है।
बजरंग दल के दिग्विजय नाथ तिवारी ने बताया कि छह भैंसों को टाटा मैक्स गाड़ी में ले जाया जा रहा था। उसमें कई जख्मी हो चुके थे। जब कुछ लोगों की नजर उन पर गई तो उनमें आक्रोश फैल गया। लोगों ने गाड़ी को रोक लिया। उसमें सवार चालक सहित तीन लोगों को पकड़ लिया। दिग्विजय नाथ तिवारी का कहना है कि भैंसोें को गाड़ी में कट्टीखाने ले जाया जा रहा था। इस पर आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। इंस्पेक्टर ने बताया कि पशु क्रूरता अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज करके कार्रवाई की गई है।