कमला नगर स्थित साईं हॉस्पिटल एवं ट्रोमा सेंटर में सादाबाद के प्रधान ने अपने साथियों के साथ हमला बोलकर आईसीयू में भर्ती अपने गांव के मरीज की जान लेने की कोशिश की। विरोध करने पर हास्पिटल में तोड़फोड़ की और स्टाफ को पीटा। मथुरा के एक दरोगा की भी पिटाई कर डाली। बलवे की सूचना पर चीता मोबाइल के दो सिपाही ही मौके पर पहुंचे। तीन हमलावरों को स्टाफ के लोगों ने ही पुलिस के हवाले किया। इस मामले में बलवे और जानलेवा हमले की रिपोर्ट दर्ज की गई है।
कमला नगर में सेंट्रल बैंक रोड पर पंकज अग्रवाल के साईं हॉस्पिटल में सादाबाद के बरामई गांव का लालमन आईसीयू में भर्ती है। बुधवार की रात तकरीबन 12 बजे टाटा सफारी गाड़ी में दर्जनभर लोग आए। उन्होंने आते ही लालमन के बारे में पूछा। स्टाफ के लोगों ने उन्हें मरीज का रिश्तेदार समझा। उन लोगों ने आईसीयू में घुसकर लालमन के मुंह से आक्सीजन मास्क निकाल फेंका। उसे बेड से घसीटने लगे। ये देखकर स्टाफ सकते में आ गया।
स्टाफ के लोगों ने हमलावरों को बाहर निकाला। इस पर हमलावरों ने स्टाफ से मारपीट शुरू कर दी। ये देखकर अस्पताल में भर्ती पत्नी को देखने आए दरोगा सुभाष सिंह ने उनका विरोध किया। हमलावरों ने दरोगा पर भी हमला कर दिया। अस्पताल में अफरा तफरी मच गई। मैनेजर राजेश ने हमलावरों को समझाने की कोशिश की तो उन्होंने हास्पिटल में वेंटीलेटर और मॉनीटर में तोड़फोड़ कर दी। लोगों ने पुलिस कंट्रोल रूम को सूचना दी। इसके बाद चीता मोबाइल के दो सिपाही ही हास्पिटल पहुंचे। स्टाफ के लोगों ने एकजुट होकर बरामई के प्रधान बंटू उर्फ भूपेंद्र समेत तीन हमलावरों को दबोचकर पुलिस के हवाले कर दिया।
सीसीटीवी देख दर्ज हो सका मुकदमा
हॉस्पिटल में गुंडागर्दी करने की घटना के बाद भी थाने की फोर्स मौके पर नहीं पहुंची। प्रधान बंटू के साथ मारपीट करने वाले एक दर्जन लोग धमकी देकर चले गए। स्टाफ के लोगों ने तीन लोगों को पकड़कर सौंपा। इसके बाद भी पुलिस ने महज एनसीआर ही लिखी। गुरुवार शाम चार बजे इंस्पेक्टर न्यू आगरा ने हास्पिटल पहुंचकर सीसीटीवी फुटेज देखे तो उन्हें घटना की गंभीरता का अंदाजा हुआ। इसके बाद ही पुलिस ने मैनेजर राजेश की तहरीर पर संगीन धाराओं में मुकदमा दर्ज करके आरोपियों को जेल भेजा।