जीवनी मंडी के छह व्यापारी दोस्तों को यमुना एक्सप्रेसवे पर कुबेरपुर इंटरचेंज से गाड़ी को रांग साइड से यू टर्न लेकर आगरा लौटने की गलती भारी पड़ गई। इसी बीच फीरोजाबाद की ओर से आ रहे ट्रक ने गाड़ी में टक्कर मार दी। तीन की जान चली गई। बाकी तीन जिंदगी और मौत के बीच झूल रहे हैं। सभी दोस्त अक्सर शाम को यमुना एक्सप्रेसवे पर फर्राटा भरते थे और देर रात लौटकर आते थे। गुरुवार रात 11 बजे भी वे पेट्रोल पंप व्यवसायी राहुल की कार से लांग ड्राइव पर निकले थे।
बता दें, हादसे में भैरो बाजार के मनीष ठाकुर (22) पुत्र सुंदर सिंह, जीवनी मंडी के उत्सव खंडेलवाल (22) पुत्र श्रीकृष्ण और जयपुर हाउस के सचिन पुत्र मदनमुरारी अग्रवाल की मौत हो गई थी, जबकि बेलनगंज के पेट्रोल पंप व्यवसायी राहुल खंडेलवाल, जीवनी मंडी के सौरभ अग्रवाल और भैरो बाजार के आशीष खंडेलवाल घायल हो गए थे। इनके नजदीकी लोगों ने बताया कि व्यापार से फुर्सत मिलने के बाद शाम को सभी दोस्त आपस में मिलते थे। अकसर ही रात में लांग ड्राइव पर यमुना एक्सप्रेसवे या फतेहाबाद रोड पर घूमने जाते थे। देर रात लौटकर आते थे। गुरुवार रात 11 बजे तक जीवनी मंडी में घूम रहे थे। इसके बाद लांग ड्राइव पर निकल गए।
इनसेट
चार महीने पहले हुई थी मनीष की शादी
मनीष सपा के वार्ड 37 से अध्यक्ष भी थे। दूध की डेयरी संभालते थे। चार माह पहले ही मनीष की शादी साधना के साथ हुई थी। चार भाइयों में छोटे मनीष की मौत पर घरवालों का बुरा हाल था।
पानी का कारोबार करते थे सचिन
सचिन अग्रवाल का परिवार भी जीवनी मंडी का मूल निवासी है। कई साल पहले वे जयपुर हाउस जाकर बस गए। सचिन के पानी के दो प्लांट जीवनी मंडी में ही थे। सचिन अविवाहित था। दो साल पहले उसकी बड़े भाई की मृत्यु हो गई थी।
मामा के यहां रहता था उत्सव
उत्सव भैरो बाजार में अपने मामा राजेंद्र के यहां रहते थे। वह बीकॉम कर रहे थे। इसके साथ ही एक कोचिंग में काम भी करते थे। दो भाइयों में उत्सव बड़े थे, छोटा हार्दिक अभी पढ़ाई कर रहा है। उत्सव भी अविवाहित थे।
शोक में बंद रहा भैरो बाजार
तीन जवान मौत से भैरो बाजार में शोक की लहर दौड़ गई। दुकानें बंद रहीं। सुबह से ही मृतकों के घर पर लोगों का तांता लगा हुआ था।
महिलाओं की हालत बिगड़ी
महिलाओं की सिसकियां खामोशी को तोड़ रही थीं। मनीष की पत्नी साधना और उत्सव का मां राजरानी की हालत बिगड़ गई। उन्हें डाक्टर को दिखाना पड़ा। वहीं उत्सव की मौत की खबर मिलने पर मां और बेटे आए थे। पिता श्रीकृष्ण कई साल से बिस्तर पर पड़े हैं। घायल आशीष, उत्सव का फुफेरा भाई है।
बैडमिंटन कोर्ट में बिताते थे शाम
हादसे में घायल राहुल के परिवार की बेलनगंज में छीतरमल धर्मशाला है। इसमें सभी दोस्तों ने मिलकर बैडमिंटन कोर्ट बनाया था। यहां रोजाना शाम को सभी बैडमिंटन खेलते थे। गुरुवार शाम को बैडमिंटन खेलने के बाद लांग ड्राइव पर निकल गए थे।
तीनों घायल वेंटिलेटर पर
घायल राहुल, आशीष और सौरभ न्यू आगरा के एक हास्पिटल में वेंटीलेटर पर हैं। उनकी हालत गंभीर बनी हुई है। आशीष नुनिहाई में परफेक्ट एक्सपर्ट फैक्ट्री में मैनेजर हैं, जबकि सौरभ का भी पानी का प्लांट है।