मैनपुरी। जनपद में लूट की वारदातों का ग्राफ इस वर्ष तेजी के साथ बढ़ा है। इनमें महिलाओं ने भी कई वारदातों को अंजाम दिया है। बीते वर्ष चेन और पर्स लूट आदि के कई मामले सामने आए हैं। सभी में महिलाओं की संलिप्तता पाई गई है।
जनपद में अब महिलाओं की लुटेरी गैंग भी सक्रियता नजर आ रही है। बुधवार को ई-रिक्शा में बैठ कर जा रही एक महिला के कुंडल लूटने की वारदात हुई। इसको चार महिलाओं ने संयुक्त रूप से अंजाम दिया था। हालांकि कोई भी पुलिस की गिरफ्त में नहीं आ सका।
दो माह पहले सिंधिया तिराहा के समीप टेंपो से उतरते ही दो महिला चोरों ने एक महिला की चेन तोड़ ली थी। भीड़ ने दोनों का पीछा भी किया था लेकिन हत्थे नहीं चढ़ सकी थीं। पूर्व में मेला आदि भीड़ भरे आयोजनों में चेन स्नेचिंग, पर्स चोरी की कई घटनाएं हुईं। जिनमें महिला चोरों की संलिप्तता सामने आई।
पिछले वर्ष श्रीदेवी मेला के दौरान पुलिस ने लूट और चोरी में पांच महिलाओं को गिरफ्तार किया था। इससे पूर्व भी मेला से छह महिला चोर पकडी़ गईं थीं। सभी को जेल भेजा था। शहर में ठगी की कई घटनाओं में महिलाओं की संलिप्तता महिला लुटेरी गैंग की सक्रियता जाहिर कर रही है।
जिले के थानों में कई गिहार कालोनियां बसीं हुई हैं। जिनमें सिर्फ कच्ची शराब का अवैध कारोबार होता है। इस कारोबार में पुरुषों की अपेक्षा महिलाएं अधिक सक्रिय हैं। पुलिस भी आसानी से इन बस्तियों में कार्रवाई के लिए नहीं जाती। पूर्व में कई गिहारी महिलाएं चोरी, लूट, जहरखुरानी, शराब तस्करी आदि के मामलों में गिरफ्तार हुई हैं।
एएसपी ओमप्रकाश सिंह का कहना है कि अपराधी चाहे महिला हो या पुरुष कानून की नजर में अपराध करने वाले को सजा का प्रावधान है। दर्ज मामलों में गिरफ्तारी कर कार्रवाई की जाती है।