गांव सांथा, अछनेरा निवासी विकास की शादी 16 जनवरी को कुम्हेरी, सहपऊ, धौलपुर निवासी दीक्षा के साथ हुई थी। परिजन के मुताबिक, दीक्षा 4 महीने की गर्भवती भी थी। विकास तीन दिन पहले घर से निकले थे। अपनी ननिहाल सहपऊ गया था। दोनों एक रात वहीं रुके। अगले दिन मामा की कार से अपनी ससुराल कुम्हेरी गए। इसके बाद मां कैला देवी मंदिर दर्शन के लिए निकले थे। बुधवार तड़के 5 बजे वापस आते समय कार में उनकी गोली मारकर हत्या कर दी गई। करौली के मासलपुर थाना स्थित 12 किलोमीटर बाड़ी रोड पर भोजपुर के पास दोनों के खून से लथपथ शव कार में पड़े हुए थे। ग्रामीणों ने कार में शव देखकर पुलिस को सूचना दी। हत्याकांड के पीछे कौन और क्या कारण है? इसके बारे में राजस्थान पुलिस पड़ताल में लगी हुई है।
खेरागढ़ के चमन को पुलिस ने उठाया
पुलिस ने घटना के बाद कैला देवी मंदिर के सीसीटीवी फुटेज देखे। इसमें नजर आया कि विकास और दीक्षा के साथ एक युवक नजर आ रहा था। वह फोन पर बात कर रहा था। फुटेज निकालने के बाद पुलिस मृतक के परिजन से मिली। उन्हें फुटेज दिखाए। इसमें उसकी पहचान खेरागढ़ के गांव ऊंंटीगिरी निवासी चमन खां के रूप में हुई। पुलिस ने दबिश दी। वह घर में ही मिल गया। उसे पकड़कर ले गई। वहीं गांव नगला पुना निवासी मनीष और तरुण को गिरफ््तार किया। पुलिस तीनों से अलग-अलग पूछताछ कर रही है। हत्याकांड में किसका हाथ है? हत्याकांड की वजह क्या है? इसके बारे में पड़ताल की जा रही है।
दिवाली से एक दिन पहले बेटे-बहू की मौत से मचा कोहराम
विकास परचूनी की दुकान चलाता था। इंटरमीडिएट किया हुआ था। वह एक जूता फैक्टरी में भी काम करता था। परिजन ने उनकी शादी कर दी। दोनों काफी खुश थे। वह मंदिर गए थे। वह वापस आने वाले थे, इससे पहले ही उनकी मौत की खबर घर आई। दिवाली की तैयारी में लगे परिवार में कोहराम मच गया। शाम को शव लाए गए। उनका अंतिम संस्कार किया गया।
सिर में मारी गई गोलियां
राजस्थान पुलिस ने परिजन को बताया कि विकास के सिर में 3 और दीक्षा के सिर में 2 गोलियां मारी गईं। इससे वह दोनों बच नहीं पाए।