शहर को कब्जामुक्त करने की जिम्मेदारी संभालने वाले नगर निगम पर ही सेना की जमीन पर अवैध कब्जा करने का आरोप लगा है। कमिश्नरी के नजदीक जी-20 के पास स्थित सेना की ए-1 श्रेणी की जमीन पर नगर निगम ने कब्जा कर वहां राम मंदिर का मॉडल स्थापित कर दिया। बृहस्पतिवार को जब निगम के ठेकेदारों ने मॉडल के चारों ओर दीवार और चबूतरा बनाना शुरू किया तो सैन्य अधिकारी हरकत में आ गए। काम रुकवाने के साथ ही उन्होंने निगम के उच्चाधिकारियों से तत्काल जमीन खाली करने के लिए कहा है।
दरअसल, ए-1 श्रेणी में आने वाली रक्षा क्षेत्र की जमीनें सीधे रक्षा मंत्रालय की निगरानी में रहती हैं। इन जमीनों को सेना सक्रिय रूप से अपने बैरक, बाउंड्री, बैरक, स्टोर, शस्त्र भंडार जैसे उपयोग में लाती है। अगस्त के पहले हफ्ते में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आगरा दौरे से ऐन पहले नगर निगम ने बिना सेना से पत्राचार या अनुमति लिए अस्थायी रूप से मॉडल को वहां रख दिया था।
उस समय सेना के अधिकारियों ने न तो आपत्ति की, न ही हटाने के लिए कहा। बृहस्पतिवार को कब्जे को स्थायी रूप देने के लिए चबूतरे और बाउंड्री का निर्माण शुरू हुआ तो सेना हरकत में आ गई। सेना ने नगर निगम के अधिकारियों से जमीन खाली करने के लिए कहा है।
ऐसा न करने पर अतिक्रमण के खिलाफ कार्रवाई की बात भी कही है। अपर नगर आयुक्त शिशिर कुमार ने बताया कि सहायक नगर आयुक्त सेना के अधिकारियों के साथ संपर्क में हैं। जो भी फैसला होगा, उसके अनुसार आगे कार्रवाई की जाएगी।