संक्रमण के आंकड़े
पहली लहर (मार्च 2020 से मार्च 2021) : 245 बच्चे
दूसरी लहर (अप्रैल 2021 से सितंबर 2021) : 164 बच्चे
तीसरी लहर (दिसंबर 2021 से अब तक) : 118 बच्चे
परिजनों से हो रहे संक्रमित, बचाव जरूरी
एसएन मेडिकल कॉलेज के माइक्रो बायोलॉजी विभाग की डॉ. आरती अग्रवाल का कहना है कि स्कूल बंद हैं। आशंका है अधिकतर मामलों में बच्चों में संक्रमण उनके परिजनों से मिला है। अधिकांश में लक्षण नहीं हैं, जिनमें हैं वह बहुत ही मामूली हैं। बच्चों के खानपान और बचाव पर विशेष ध्यान देने की जरूरत है।
पांच साल के बच्चे को मास्क लगाएं
आगरा पीडियाट्रिक्स एसोसिएशन के डॉ. अरुण जैन ने बताया कि ओपीडी में 70 से 80 फीसदी बच्चों को बुखार, जुकाम-खांसी की परेशानी मिल रही है। ऐसे में बच्चों को भीड़भाड़ स्थानों पर ले जाने से बचें। बेहद जरूरी है तो पांच साल से अधिक उम्र के बच्चों को मास्क जरूर पहनाकर ले जाएं।
ड्राई फ्रूट्स खिलाएं, फास्ट फूड से बचाएं
जिला अस्पताल की डायटीशियन ललितेश शर्मा ने बताया कि बच्चों की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने के लिए ड्राई फ्रूटस रोजाना खिलाएं। शाम को दूध भी जरूरी है। हर सब्जी का सूप भी फायदेमंद है। खासतौर से फास्ट फूड और बाजार की खाद्य सामग्री को नजरअंदाज करें। इससे बच्चों का पेट तो भर जाता है लेकिन पौषक तत्व नहीं मिलते। फल और विटामिन-प्रोटीन वाली सामग्री पर जोर दें।