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राहत: सरकारी अस्पतालों में 60 फीसदी पलंग खाली, कोविड कंट्रोल पर कम हुईं मांग, दूसरी लहर जाने की संभावना

Thu, 27 May 2021 09:51 AM IST
Abhishek Saxena न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा

सार

ताजनगरी में अप्रैल का अंतिम सप्ताह सबसे भयावह रहा। तब दूसरी लहर अपने पीक पर थी। सरकारी कोविड कंट्रोल रूम पर इतने फोन आ रहे थे कि लाइन हैंग हो गई। 
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आगरा का कोविड कमांड सेंटर - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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दूसरी लहर जा रही है। अब कोविड कंट्रोल रूम की घंटी बहुत कम बज रही है, वहीं सरकारी अस्पतालों में 60 फीसदी बेड खाली हैं। कंट्रोल रूम में पहले जहां 24 घंटे में 700 से अधिक कॉल आ रही थीं, वहां बुधवार को महज सात कॉल आईं हैं। जिनमें चार लोगों ने टीकाकरण, एक ने कोविड जांच, एक सैनिटाइजेशन व एक ने ब्लैक फंगस की दवा मांगी है।

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ताजनगरी में अप्रैल का अंतिम सप्ताह सबसे भयावह रहा। तब दूसरी लहर अपने पीक पर थी। सरकारी कोविड कंट्रोल रूम पर इतने फोन आ रहे थे कि लाइन हैंग हो गई। 21 अप्रैल से 25 मई तक यहां 8227 कॉल आई। 25 अप्रैल को सबसे ज्यादा 739 कॉल आईं थी। उन सात दिनों में 400 से 700 कॉल प्रतिदिन आ रही थीं। सबसे ज्यादा कॉल ऑक्सीजन सिलिंडर और अस्पतालों में बेड उपलब्ध कराने के लिए की गई। ये वो समय था जब दूसरी लहर से हाहाकार मचा था। परंतु 14 मई के बाद यहां 50 कॉल रह गए। 20 मई को 12 और फिर प्रतिदिन सात-आठ कॉल आने से यहां हालात पूरी तरह बदले नजर आ रहे हैं।

एडीएम सिटी डॉ. प्रभाकांत अवस्थी ने बताया कि 24 घंटे में बुधवार को सात कॉल आई हैं। अब कोई बेड, ऑक्सीजन व दवाइयां नहीं मांग रहा। अब कॉल करने वाले टीकाकरण कराने, जांच व सैनिटाइजेशन के लिए फोन कर रहे हैं।

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इन दिनों व्यस्त रहे नंबर
- 23 अप्रैल- 515
- 24 अप्रैल- 687
- 25 अप्रैल- 739
- 26 अप्रैल- 680
- 27 अप्रैल- 662
- 28 अप्रैल- 479
- 29 अप्रैल- 465

सबसे ज्यादा इनके लिए कॉल
- ऑक्सीजन- 2409
- सामान्य बेड- 2100
- रेमडेसिविर- 1637 
- वेंटिलेटर बेड- 162
- ब्लैक फंगस- 12
- टीकाकरण- 10
- अन्य कॉल- 577
- रिपीट कॉल- 1308
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