पुलिस की पड़ताल में पता चला है कि गिरोह की फरीदाबाद की सरगना के संपर्क में उत्तर प्रदेश, बिहार, मध्य प्रदेश की 50 से अधिक महिलाएं थीं। यह महिलाएं अंडाणु बेचने वाली और कोख किराये पर देने वाली महिलाओं की तलाश करती थीं।
इसके लिए 20 से 30 हजार तक दिया जाता था। नीलम के घर पर महिलाओं का आना-जाना रहता था। इसके बाद फोन से एक-दूसरे से संपर्क करती थीं। वहीं कुछ महिलाएं ऐसी भी संपर्क में थीं, जो अक्सर अपने अंडाणु बेचने का काम करती थीं।
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सीओ फतेहाबाद विकास जायसवाल ने बताया कि नीलम के संपर्क में 50 से अधिक महिलाओं के होने की आशंका है। अब इन महिलाओं के नामों के बारे में पता किया जा रहा है। कोख के सौदागर गैंग के अन्य सदस्यों से पड़ताल में भी कई जानकारी मिली हैं। इन पर भी पुलिस टीम अलग से जांच में जुटी है।
पुलिस ने नीलम के दो नंबरों की कॉल डिटेल निकलवाई थी। इसमें एक साल का डाटा निकलवाया गया। पुलिस को कॉल डिटेल मिल गई है। इसमें एक हजार से अधिक नंबर हैं। कई नंबर एक जैसे ही हैं।
एसपी ग्रामीण प्रमोद कुमार ने बताया कि एक टीम को संदिग्ध नंबरों को छांटने में लगाया है। ज्यादा देर तक बात होने वाले नंबरों के बारे में पड़ताल की जा रही है। एक बार नंबरों के बारे में पता चलने पर उनके उपयोगकर्ताओं के बारे में जानकारी जुटाई जाएगी।
फरीदाबाद से नेपाल तक जाएगी टीम : बबलू कुमार
एसएसपी बबलू कुमार ने बताया कि यह गिरोह काफी बड़ा है। फरीदाबाद से नेपाल तक जाल फैला रखा है। इसमें कई लोग जुड़े हैं। इन सबकी जानकारी जुटाई जा रही है। एक टीम को फरीदाबाद तो दूसरी टीम को नेपाल भेजा जाएगा। इससे जुड़े हर बिंदुओं पर बारीकी से पड़ताल की जा रही है।
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