Chandra Grahan 2025: विक्रम संवत 2082 भाद्रपद शुक्ल पक्ष रविवार को पूर्णिमा तिथि है। इस दिन कई जगह लोग अपने पितरों का श्राद्ध करते हैं। इस वर्ष शुक्ल पक्ष की पूर्णिमा तिथि रविवार 7 सितंबर 2025 को खग्रास चंद्रग्रहण पड़ रहा है। ये भारत में दिखाई देगा। भारत सहित एशिया, ऑस्ट्रेलिया, अफ्रीका, यूरोप, अंटार्कटिका और हिंद महासागर में भी दिखेगा।
ज्योतिषाचार्य डा. पूनम वार्ष्णेय ने कहा कि यह ग्रहण कुंभ राशि शतभिषा नक्षत्र के ऊपर रहेगा, जिनकी राशि कुंभ है। उन्हें ग्रहण नहीं देखना चाहिए। मीन राशि वाले को भी यह ग्रहण नहीं देखना चाहिए। यह मेष, वृषभ, कन्या और धनु राशि वालों के लिए श्रेष्ठ रहेगा। श्रेष्ठ फल कारक रहेगा। मिथुन, सिंह, तुला, मकर राशि वालों के लिए सामान्य रहेगा। कर्क, वृश्चिक, मीन, कुंभ राशि वालों के लिए खराब रहेगा। इन राशि वाले जातकों को ग्रहण नहीं देखना चाहिए।
सूतक का समय
सूतक सात को दोपहर 12:57 बजे से लगेगा। वहीं ग्रहण प्रारंभ विरल छाया में प्रवेश रात्रि 8:58 पर प्रवेश करेगा। ग्रहण स्पर्श रात्रि 9:57 के बाद शुरू होगा। विरल छाया निर्गम रात्रि 2:25 पर होगा। पूर्णिमा के दिन जिन लोगों को श्राद्ध करना है, वे दोपहर 12:57 बजे तक ही भोजन से निवृत हो जाएं।