यमुना एक्सप्रेसवे पर रविवार शाम को एक स्विफ्ट डिजायर कार 182 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से दौड़ी। ट्रैफिक पुलिस ने इसकी जानकारी की तो पता चला कि यह लखनऊ के इंद्रापुरम के निष्कर्ष मिश्रा के नाम पर रजिस्टर्ड है।
ओवरस्पीड का चालान काटा गया है। इससे पहले रविवार को ही एक कार 165 की रफ्तार से दौड़ी। यह हाल तब है, जब आठ जुलाई को ओवरस्पीड और चालक की झपकी के कारण रोडवेज बस झरना नाला में गिर गई थी, जिसमें 29 यात्रियों की मौत हो गई थी।
रविवार को ही ट्रैफिक पुलिस ने ओवरस्पीड के 48 चालान काटे। हालांकि, तूफानी रफ्तार से दौड़ी गाड़ियों की संख्या कहीं ज्यादा है। ये चालान तो सिर्फ खंदौली टोल प्लाजा के हैं। रोजाना 1000 से ज्यादा गाड़ियां ओवरस्पीड पाई जा रही हैं।