ताजमहल बनाम तेजोमहालय केस में केंद्र सरकार ने एक और जवाब दाखिल किया है। यह उस दावे के बाद आया है जिसमें ताजमहल को सुन्नी वक्फ बोर्ड की संपत्ति बताया गया।
केंद्र सरकार ने कहा है कि सुन्नी वक्फ की संपत्ति के मामले में सुप्रीम कोर्ट का स्टे है। सरकार ने स्पष्ट रूप से कहा है कि ताजमहल पुरातत्व महत्व की धरोहर है, जिसका संरक्षण केंद्रीय पुरातत्व विभाग कर रहा है।
13 मार्च की तारीख पर नया बांस लोहामंडी के निवासी इफ्तिखार खां ने प्रार्थनापत्र देकर कहा था कि ताजमहल सुन्नी वक्फ बोर्ड की संपत्ति है। साथ ही याचना की थी कि सुन्नी वक्फ बोर्ड लखनऊ का रजिस्टर तलब किया जाए।