सीकरी लोकसभा प्रभारी के तौर पर राजवीर सिंह के नाम का एलान
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लोकसभा चुनाव से पहले बहुजन समाजवादी पार्टी की सुप्रीमो मायावती ने अपने एक फैसले से आगरा के बसपाइयों को चौंका दिया है। पूर्व सांसद सीमा उपाध्याय के फतेहपुर सीकरी का मैदान छोड़ने के आठ दिन बाद बसपा ने दिल्ली के राजवीर सिंह को लोकसभा प्रभारी बनाने का एलान कर दिया।
सोमवार को लखनऊ में बसपा सुप्रीमो मायावती के साथ हुई बैठक के बाद दिल्ली के मार्बल आयातक राजवीर सिंह के नाम पर सहमति बनी। आगरा में पार्टी के कालिंदी विहार स्थित मंडल कार्यालय पर जब उनके नाम का एलान किया गया तो कार्यकर्ताओं ने हंगामा कर दिया। बाह के कार्यकर्ता के विरोध पर धक्कामुक्की और हाथापाई हुई तो हंगामा हो गया। कार्यकर्ताओं ने राजवीर को ‘पैराशूट प्रत्याशी’बताकर विरोध किया।
आठ दिन की उठापटक के बाद फतेहपुर सीकरी का लोकसभा प्रभारी सामने आया तो बड़ा, छोटा, हर कार्यकर्ता भौंचक्का रह गया। आठ दिन तक पार्टी में जिन नामों की चर्चा हो रही थी, उनमें से कोई नाम घोषित नहीं हुआ। दोपहर में जब लखनऊ में पार्टी सुप्रीमो की बैठक के बाद नाम सोशल मीडिया पर चला तो पार्टी के ही नेताओं को राजवीर सिंह के बारे में एक-दूसरे से पूछना पड़ा।
कुछ कार्यकर्ताओं ने किया विरोध
शाम को मंडल कार्यालय पर सेक्टर प्रभारी सुनील कुमार चित्तौड़, पूर्व सांसद मुनकाद अली ने फतेहपुर सीकरी के कार्यकर्ताओं के सामने राजवीर सिंह को लोकसभा प्रभारी बनाने का एलान किया तो उसी समय हंगामा शुरू हो गया। हाथापाई की नौबत आ गई।
बाह के विधानसभा संयोजक हाकिम सिंह ने पूर्व विधायक धर्मपाल सिंह के समर्थन में नारेबाजी शुरू कर दी तो बसपाइयों ने उन्हें हाथापाई और धक्कामुक्की कर बाहर निकाल दिया। हाकिम सिंह ने कहा कि स्थानीय नेता की जगह पैराशूट से प्रत्याशी भेजा गया है। कार्यकर्ता क्या, पदाधिकारी ही राजवीर सिंह से परिचित नहीं है। ऐसे में चुनाव कैसे लड़ेंगे।
पहले धर्मपाल, फिर बघेल का चला था नाम
बसपा में सीमा उपाध्याय के चुनाव न लड़ने के फैसले के बाद पूर्व विधायक डॉ. धर्मपाल सिंह और मेयर प्रत्याशी रहे दिगंबर सिंह धाकरे का नाम चल रहा था। बाद में भगत सिंह बघेल भी चर्चाओं में आए, लेकिन सोमवार दोपहर राजवीर सिंह का नाम आने पर पार्टी नेता ही उनकी जानकारी करते नजर आए। सबसे पहले तो स्थानीय पदाधिकारी ही उनके नाम पर चौंक गए।
सीकरी के लोकसभा प्रभारी राजवीर सिंह ने कहा, 'मैं 2003 से बसपा में सक्रिय हूं। बेशक किसी पद पर नहीं रहा, लेकिन कार्यकर्ता की तरह हर राज्य में चुनाव में सहयोग किया है। मैं पैराशूट प्रत्याशी नहीं हूं। दो दिन पहले मुझे तैयारी के लिए बताया गया था। मेरे साथ बसपा कार्यकर्ता चुनाव में पूरी ताकत से जुटेंगे।'
आगरा, अलीगढ़, बरेली के बसपा सेक्टर प्रभारी मुनकाद अली ने कहा कि राजवीर सिंह को पार्टी नेतृत्व ने प्रभारी बनाया है। हम सभी मिलकर उनके साथ बसपा को जीत दिलाने के लिए कंधे से कंधा मिलाकर काम करेंगे। जो विरोध कर रहे हैं, वह विरोधी दलों के लोग हैं।