ब्रिक्स चीफ जस्टिस फोरम के समापन के बाद 65 सदस्यीय उच्चस्तरीय न्यायिक प्रतिनिधिमंडल ने बारिश के बीच ताजमहल का दीदार किया। भारत की ऐतिहासिक विरासत देखकर विदेशी न्यायविद मंत्रमुग्ध नजर आए और आगरा किले का भी भ्रमण किया।
नई दिल्ली में हुए ब्रिक्स चीफ जस्टिस फोरम के समापन के बाद एक उच्चस्तरीय न्यायिक प्रतिनिधिमंडल ने आगरा का दौरा किया। इस 65 सदस्यीय दल में ब्रिक्स और सहभागी देशों के मुख्य न्यायाधीश शामिल थे। उन्होंने ताजमहल और ऐतिहासिक आगरा किला का दीदार किया।
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ताजमहल को करीब से देखकर सभी विदेशी मेहमान मंत्रमुग्ध हो गए। उनके चेहरों पर भारत की विरासत को निहारने की खुशी साफ झलक रही थी। यह यात्रा सुप्रीम कोर्ट की मेजबानी में आयोजित की गई। फोरम 4 से 6 सितंबर तक नई दिल्ली में चला। रूस के सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश इगोर क्रासनोव भी प्रतिनिधिमंडल का हिस्सा थे।
बोलीविया के मुख्य न्यायाधीश रोमेर साउसेडो गोमेज और मिस्र के मुख्य न्यायाधीश बूलस फहमी इस्कंदर बूलस भी मौजूद रहे। दक्षिण अफ्रीका और इंडोनेशिया के वरिष्ठ न्यायविदों ने भी इस यात्रा में भाग लिया। प्रतिनिधिमंडल ने आगरा किला का भी भ्रमण किया और भारत के गौरवशाली अतीत को नमन किया। सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के तहत जिलाधिकारी मनीष बंसल ने विशेष व्यवस्थाएं सुनिश्चित कीं। इनमें अतिथियों का स्वागत, सुरक्षा और प्रोटोकॉल शामिल थे। यातायात और एस्कॉर्ट की भी अभेद्य व्यवस्थाएं की गईं।