भाजपा विधायक ने उपजिलाधिकारी से कहा कि आपको मालूम नहीं मैं एक विधायक हूं। मेरी ताकत का एहसास नहीं है। आगे कहते हैं कि आपको लोकतंत्र की ताकत का एहसास नहीं है। वहां मौजूद विधायक के समर्थक जोश में आ गए और एसडीएम मुर्दाबाद के नारे लगाने लगे।
गुस्साए भाजपा विधायक ने एसडीएम से नौकर तक कह डाला। इसके बाद कहा कि आप अपने कार्यालय में जाइए। इस दौरान एसडीएम ने भी कहा कि आप इस तरह से बात नहीं कर सकते हैं, लेकिन विधायक समर्थकों के हो हल्ला के आगे उनकी आवाज दब गई।
उधर, एसडीएम गरिमासिंह का कहना है कि अब तक साढे़ 27 करोड़ रुपये किसानों के खाते में डाले गए हैं। कुछ किसानों के खाते बंद हैं। खाते में धनराशि पहुंची है। सभी वंचित किसानों से उनके खाते की पास बुक नकल खाता संख्या मागा था, उपलब्ध नहीं कराया है। हमने लेखपालों को काम में लगा दिया है। विधायक से नोकझोंक पर कहा कि उन्हें ठीक से बात करनी चाहिए थी।
#WATCH Agra: BJP MLA Udaybhan Chaudhary threatens SDM Garima Singh, says 'Don't you know I am an MLA? Don't you realize my power, the power of democracy?' He had gone to meet the SDM over farmer issues (17.12.18) pic.twitter.com/3lfTlXAi46
— ANI UP (@ANINewsUP)
December 18, 2018 ">http://
सोमवार को भाजपा सहकारिता प्रकोष्ठ के जिला संयोजक रामेश्वर वर्मा एडवोकेट एवं भाजपा नेता गया प्रसाद शर्मा प्रधान खेड़ा वाकंदा के संयुक्त नेतृत्व में हजारों की संख्या में किसान सुबह 10 बजे पहुंचे। तहसील का घेराव कर प्रदर्शन किया।
रामेश्वर सिंह वर्मा एडवोकेट ने कहा कि स्वीकृत कराई गई आईटीआई राजकीय कन्या डिग्री कालेज, फायर ब्रिगेड सर्विस सेंटर एवं कान्हा गौशाला के लिए फतेहपुर सीकरी में एसडीएम किरावली ने जगह उपलब्ध नहीं कराई है। रुनकता में यमुना में अवैध खनन तथा रायभा के पास टोल पर अवैध वसूली का आरोप लगाया।
भाजपा नेता गयाप्रसाद प्रधान एवं डॉ. प्रेम सिंह ने भ्रष्टाचार संबंधी आरोप स्थानीय प्रशासन पर लगाए। प्रेम सिंह ने कहा कि अगर एक सप्ताह में वंचित किसानों ने मुआवजे के धनराशि खाते में नहीं डाली तो आठ दिन बाद सभी किसान अपने दो पशुओं के साथ तहसील पर डेरा डालेंगे। किसान छह पोखर गडीमा खेड़ा वाकंदा विधापुर घड़ी सरसा, अरेहरा, महुअर, धनौली, गोपऊ मई जनूथा, मगूर्रा, कठवारी आदि गांवों के हजारों किसान मौजूद थे।