नेशनल हाईवे अथॉरिटी ने देवरी से बाद गांव तक इनर रिंग रोड का निर्माण कार्य 20 मार्च 2023 से शुरू किया, जो बीते साल 19 सितंबर 2024 तक पूरा हो जाना चाहिए था, लेकिन अब भी निर्माण कार्य अधूरा है। 7.772 किमी लंबे इनर रिंग रोड के तीसरे हिस्से पर तीन जगह हाइटेंशन लाइन क्रॉस कर रही है, जो महज 10 मीटर ऊपर से निकली है।
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मानकों के मुताबिक यह लाइन 14 मीटर ऊंची होनी चाहिए। गर्मी में हाइटेंशन लाइनें नीचे झूल जाती हैं। उन दिनों में खतरा और भी ज्यादा बढ़ जाता है। पावरग्रिड कॉरपोरेशन दो साल से नेशनल हाईवे अथॉरिटी से हाइटेंशन लाइनें ऊंची करने के लिए कह रहा है।
नेशनल हाईवे अथॉरिटी ने तर्क दिया है कि पूर्व में हाइटेंशन लाइनों का मानक कम था, लेकिन रिंग रोड बनने के दौरान मानकों में बदलाव कर दिया गया, ऐसे में लाइनें ऊंची करने से अथॉरिटी ने इन्कार कर दिया है। इस मामले में पावर ग्रिड कॉरपोरेशन ने एनएचएआई के उच्च अधिकारियों को खतरे के प्रति आगाह किया है।
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