कासगंज । जिला एवं सत्र न्यायाधीश सै. माऊज बिन आसिम की कोर्ट ने दहेज के लिए पत्नी को जहर देने के आरोपी पति को जमानत नहीं दी। कोर्ट ने उसकी जमानत अर्जी खारिज कर दी।
मानपुर नगरिया निवासी स्वराज देवी ने अपनी पुत्री सुषमा की शादी नीतेश निवासी चंदौरा जनपद बदायूं के साथ की थी। आरोप है कि ससुकाल पक्ष के लोग अतिरिक्त दहेज की मांग करने लगे। सुषमा ने इसकी जानकारी अपने मायके में दी, लेकिन मायके पक्ष ने असमर्थता जाहिर की तो पति उसके साथ मारपीट करने लगा। ससुर सुखवीर और सास श्री देवी भी गाली गलौज करने लगे। 3 जुलाई 2022 को उसकी पिटाई कर उसे मायके छोड़ गए। लेकिन 12 मार्च को बुलाकर ले गए। 15 मार्च 2023 को उसे जबरन जहर पिला दिया। जिससे उसकी हालत खराब हो गई। उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया। मामले की प्राथमिकी आरोपियों के खिलाफ दर्ज कराई गई। पुलिस ने आरोपियों को जेल भेज दिया। नीतेश ने अपनी जमानत अर्जी कोट में डाली। जिला शासकीय अधिवक्ता संजीव सिहं यदुवंशी ने पैरवी करते हुए जमानत का विरोध किया। कोर्ट ने आरोपी को जमानत नहीं दी।