मैनपुरी। डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय से फर्जी बीएड डिग्री के माध्यम से शिक्षक बनने वाले लोगों के विरुद्घ खंड शिक्षाधिकारियों ने थाना कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज करा दी है। डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय से बड़ी संख्या में लोगों ने बीएड की फर्जी मार्कशीट और डिग्री हासिल कर शिक्षक के रूप में नियुक्ति पा ली है।
इसकी जांच एसआईटी कर रही है। एसआईटी ने जिले के 81 शिक्षकों को फर्जी घोषित किया है। इनमें से चार की रिपोर्ट विश्वविद्यालय ने 20 मई को भेज कर उनकी बीएड का अंकपत्र व डिग्री फर्जी घोषित की थी। बीएसए ने खंड शिक्षाधिकारियों को एफआईआर कराने के निर्देश दिए थे।
जिस पर खंड शिक्षाधिकारी करहल रामशंकर कुरील और खंड शिक्षाधिकारी घिरोर सुमित कुमार ने कोतवाली में तहरीर दी थी। तहरीर देने के बाद पुलिस ने शनिवार को मामला दर्ज कर लिया।
पुलिस ने नीतू सिंह निवासी रूबी फ्लोर मिल के पास पास (तैनाती औडेंय पड़रिया), संजीव कुमार निवासी नगला बिहारी औरैया (तैनाती गांव असरोही करहल), हेमलता निवासी आजाद नगर (तैनाती प्राथमिक विद्यालय दरबाह) और अनुराधा निवासी पांडेय पेट्रोल पंप के पास बेवर (तैनाती नगला भगिया घिरोर) के विरुद्ध धोखाधड़ी कर नौकरी पाने का मामला दर्ज कर संबंधितों की तलाश शुरू कर दी है।